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Funny Jokes in Hindi: इन मजेदार चुटकुलों को पढ़कर पेट में हो जाएगा दर्द, दुखी इंसान के चेहरे पर भी आ जाएगी स्माइल

  • Authored by: दीपक पोखरिया
  • Updated Jun 23, 2023, 01:02 PM IST

Funny Jokes in Hindi: आप अगर अपनी जिंदगी में दुखी हो तो आपको मजेदार चुटकुले जरूर पढ़ने चाहिए। दरअसल इन मजेदार चुटकुले पढ़कर आप लोटपोट हो जाएंगे।

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Funny Jokes in Hindi: हिंदी में मजेदार चुटकुले।

Photo : iStock

Funny Jokes in Hindi:आज के इस जिंदगी (Life) में कई बार ऐसा होता है कि लोग काफी दुखी और परेशान हो जाते हैं। परेशानी में लोगों को समझ नहीं आता है कि वह क्या करें। अगर आप भी कभी अपनी जिंदगी में दुखी हो तो आपको मजेदार चुटकुले (Funny Jokes) जरूर पढ़ने चाहिए। दरअसल इन मजेदार चुटकुले (Hindi Funny Jokes) पढ़कर आप लोटपोट हो जाएंगे। साथ ही आप दुखी और परेशान होने के बजाए हंसते हुए नजर आएंगे। आज हम ऐसे ही कुछ मजेदार चुटकुले (Funny Jokes in Hindi) आपके साथ शेयर कर रहे है, जिन्हें पढ़ने के बाद आपके पेट में दर्द होने लगेगा और हो सकता है कि हंसते-हंसते आपके आंसू भी आ जाएं।

1

बाप : बेटा मैंने तेरे लिए लड़की देख ली हैं,

वो रूपवती हैं, गुणवती हैं और सरस्वती हैं।

बेटा : पापा लेकिन मैं किसी ओर को चाहता हूँ, और वो गर्भवती हैं।

2

बाप : मुझे अपना Report Card दिखाओ

बेटा : मेरे दोस्त ने मुझसे उधार लिया है

बाप : वो क्यों ?

बेटा : क्योंकि वो अपने Parents को डराना चाहता है।

3

लड़की वाले बेटी के लिए लड़का देखने गए,

लड़की वाले- कितना कमा लेते हो?

लड़का- इस महीने दो करोड़ कमाया,

लड़की वाले- फिर क्या हुआ?

लड़का- बस, फिर मोबाइल में तीन पत्ती हेंग हो गया,

और सारी कमाई चली गयी।

4

माँ – बेटा क्या कर रहे हो?

बेटा – पढ़ रहा हु माँ।

माँ – शाबाश! क्या पढ़ रहे हो?

बेटा – आपकी होने वाली बहु के SMS.

दे थप्पड़, दे थप्पड़।

5

पति और पत्नी का ज़ोरदार झगड़ा होता है,

पति गुस्से से- तेरी जैसी 50 मिलेंगी,

पत्नी हंस के- अभी भी मेरी जैसी ही चाहिए।

6

रमेश (नौकर से) – जरा देख तो,

बाहर सूरज निकला या नहीं?

नौकर – बाहर तो अंधेरा है,

संता – अरे! टॉर्च जलाकर देख ले कामचोर।

7

दूल्हा – घूंघट उठाते हुए क्या मैं चेहरा देख लूं…?

दुल्हन – हां, लेकिन देखकर डिलीट कर देना।

8

टीचर : मैं दो वाक्य दूंगा उसमें आपको अंतर बताना है,

पहला वाक्य- उसने बर्तन धोए।

दूसरा वाक्य- उसे बर्तन धोने पड़े।

पप्पू : पहले वाक्य में कर्ता अविवाहित है।

और दूसरे वाक्य में कर्ता विवाहित है।

9

फादर: अगर इस बार तुम इम्तिहान मे फैल हुए तो,

मुझे पापा मत कहना।

इम्तिहान के बाद,

फादर: How is Your Result?

सन: दिमाग का दही मत कर,

बाबूलाल तु बाप कहलाने का हक खो चूका है।

10

डॉक्टर ने आदमी से पुछा,

क्या आप का और आपकी बीवी का खून एक ही है?

आदमी ने कहा,

क्यों नही? ज़रूर होगा! पचास,

साल से मेरा ही खून जो पी रही है।

11

बेटा – मुझे शादी नहीं करनी!!

मुझे सभी औरतों से डर लगता है!

पिता- कर ले बेटा!

फिर एक ही औरत से डर लगेगा,

बाकी सब अच्छी लगेंगी।

12

पप्पू – बचपन से ही शौक था अच्छा इंसान बनने का।

गप्पू – फिर क्या हुआ, बन गए…?

पप्पू – अरे कहां, बचपन खत्म। शौक खत्म।

13

पापा – नालायक, तूने मम्मी से ऊंची आवाज में बात की

बेटा – मुझे पता है पापा आपको जलन हो रही है ।

पापा – मुझे किस बात की जलन

बेटा – क्योंकि आप ऐसा नहीं कर सकते।

14

संता : अगर नारियल के पेड़ पर चढ़ जाऊं,

तो इंजीनियरिंग कॉलेज की लड़कियां दिख जाएंगी?

बंता : जरूर! और हाथ छोड़ दोगे तो,

मेडिकल कॉलेज की लड़कियां भी दिख जाएंगी।

15

टीचर – “मेरे पापा काम पर गए हैं,

– इसका future tense बताओ ?

स्टूडेंट – वो कल भी जायेंगे,

किसी के बाप में हिम्मत हो तो रोक के दिखाए।

दीपक पोखरिया
दीपक पोखरियाauthor

पहाड़ से हूं, इसलिए घूमने फिरने का शौक है। दिल्ली-नोएडा से ज्यादा उत्तराखंड में ही मन लगता है। कई मीडिया संस्थानों से मेरी करियर यात्रा गुजरी है और मई 2022 से Times Network में timesnowhindi.com के साथ जुड़ा हूं। यहां शुरूआत खबरों से हुई और अब नजरें फीचर टीम के जरिए पाठकों की पसंद के लेख लिखने पर रहती है। घुमक्कड़ी पसंद होने की वजह से मुख्य जिम्मेदारी timesnowhindi.com/travel की है। वैसे मैं देवभूमि उत्तराखंड के नैनीताल से हूं और यहीं पर जन्म हुआ। पढ़ाई की शुरुआत फिरोजपुर (पंजाब) से हुई। इसके बाद लखनऊ (उत्तर प्रदेश), रामपुर (उत्तकर प्रदेश), हल्द्वानी (उत्तराखंड) होते हुए देश की राजधानी दिल्ली से पढ़ाई की। हल्द्वानी के एमबीपीजी कॉलेज से ग्रेजुएशन पूरा किया। साथ ही NIIT से GNIIT किया। इसके बाद दिल्ली से भारतीय विद्या भवन से पत्रकारिता की पढ़ाई की। मीडिया में 12 साल से ज्यादा का अनुभव। टीवी, वेबसाइट और मोबाइल ऐप में अब तक काम किया। नौकरी की शुरुआत 2011 से की। अभी टाइम्स नाऊ नवभारत में 2 से अधिक सीनियर करोस्पेंडट के पद पर हूं। यात्रा सेक्शन से जुड़ने से पहले करीब डेढ़ साल पहले तक न्यूज में ही काम किया।

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