Traffic Lights: सड़क पर निकलने से पहले ट्रैफिक नियमों के बारे में आप लोगों को जानकारी होनी चाहिए ताकि दुर्घटनाओं से बचा जा सके। आप लोगों ने चौक-चौराहो या टर्निंग प्वाइंट्स पर ट्रैफिक लाइट्स देखी होगी, लेकिन क्या आप लोगों को ट्रैफिक की तीनों लाल, पीली और हरी लाइट का मतलब पता है? अगर नहीं पता तो कोई बात नहीं और पता है तो कम से कम एक बार इस ऑर्टिकल को जरूर पढ़िये, क्योंकि इससे आपकी जानकारी दुरुस्त होगी।
ट्रैफिक सिग्नल सड़कों पर सुरक्षित और सुगम यातायात के लिए बेहद जरूरी है। इसके जरिए वाहन और पैदल चलने वाले लोगों को यह पता चलता है कि कब रुकना है, कब चलना है इत्यादि। इसीलिए तीन रंग की ट्रैफिक लाइट होती है।
क्या है लाल बत्ती का मतलब?
ट्रैफिक सिग्नल पर सबसे ऊपर दिखने वाली लाल लाइट या लाल बत्ती का मतलब है कि सभी वाहनों को रुकना है और अगले निर्देश का इंतजार करना है। सिग्नल पर मौजूद लाल रंग दूर से ही दिख जाता है, जो खतरे को दर्शाता है।
पीली लाइट का मतलब क्या?
ट्रैफिक सिग्नल की दूसरी लाइट पीले रंग की होती है। इस लाइट का अर्थ है कि आप लोग तैयार हो जाएं और वाहनों का इंजन स्टार्ट कर लें, क्योंकि जल्द ही लाइट के ग्रीन होने पर आप लोगों को आगे बढ़ना होगा।

ट्रैफिक सिग्नल
क्या है हरी लाइट?
हरी लाइट का अर्थ है कि अब आप अपना वाहन आगे बढ़ा सकते हैं। दरअसल, हरा रंग सुरक्षा को दर्शाता है और यह लाल लाइट के विपरीत होता है। जिसका अर्थ है कि सड़क अब सुरक्षित है, आप आगे बढ़ सकते हैं।
पैदल यात्रियों की बत्ती
ट्रैफिक सिग्नल के अलाया दाएं एवं बाएं मुड़ने वाले संकेत भी होते हैं, जिसमें हरी लाइट जलती है, जबकि पैदल चलने वाले लोगों के लिए भी ठीक ऐसी ही व्यवस्था होती है। दरअसल, लाइट में सफेद चलने वाले व्यक्ति के दिखने पर पैदल यात्री आगे बढ़ सकते हैं, लेकिन जब वह व्यक्ति लाल रंग का दिखाई दे तो रुक जाना चाहिए।
