Celestial Events: ब्रह्मांड के बारे में जानने की दिलचस्पी अमूमन हर किसी में होती है और इस माह तो आप लोगों को काफी कुछ जानने, देखने और समझने को मिलने वाला है। रात के समय ऐसे स्थान पर जरूर जाइयेगा जहां से आपको आसमान एकदम साफ दिखाई दें, क्योंकि सितंबर की कुछ अनोखी खगोलीय घटनाएं आपको हैरान कर देंगी और अगर आपने इन अद्भुत नजारों को मिस किया तो न जानें कब आप दोबारा देखने को मिले।
आज से ही आसमान की ओर निहारना शुरू कर दें, आज ही आपको न्यू मून दिखाई देगा। इस माह आप लोगों को आंशिक चंद्रग्रहण से लेकर सुपर हार्वेस्ट मून तक काफी आश्चर्यजनक नजारे देखने को मिलने वाले हैं तो कुर्सी की पेटी बांध लें और जान लें कि कब और कैसे कौन सा नजारा देखना है।
न्यू मून (New Moon)
सितंबर माह में खगोलीय घटनाओं की शुरुआत न्यू मून से होगी। न्यू मून चंद्रमा का एक चरण है यह तब होता है जब चंदा मामा पृथ्वी और सूर्य के बीच में होते हैं। या यूं कहें तो चंद्रमा का पहला चरण न्यू मून कहलाता है।

न्यू मून
सूर्य और बुध का अनोखा रिश्ता
5 सितंबर को सूर्य और बुध के बीच की दूरी अधिकतम होगी। इस दौरान बुध सूर्य के पश्चिम में होगा। ऐसे में सूर्योदय से पहले सौरमंडल के सबसे छोटे ग्रह बुध को आसमान में देखा जा सकेगा।
बेहद चमकीला नजर आएगा रिंग प्लैनेट
रिंग प्लैनेट या कहें शनि ग्रह, 8 सितंबर को सूर्य के विपरीत दिशा में होगा। ऐसे में शनि पृथ्वी के बेहद करीब होगा और सामान्य से अधिक चमकीला और बड़ा दिखाई देगा। अगर आप लोग शनि ग्रह की रिंग्स को देखना चाहते हैं तो किसी ऐसे स्थान में जाएं जहां से आसमान साफ दिखाई दे रहा है और टेलीस्कोप की मदद से अद्भुत नजारे को देख सकेंगे।
आंशिक चंद्र ग्रहण
इस माह की 17 और 18 तारीख को आंशिक चंद्र ग्रहण होगा। इस दौरान आसमान में गजब का नजारा दिखाई देगा, क्योंकि चंद्रमा का एक हिस्सा पृथ्वी की छाया से होकर गुजरने वाला है। यह अद्भुत नजारा यूरोप, एशिया, ऑस्ट्रेलिया और अफ्रीका में देखा जा सकेगा।
सुपर हार्वेस्ट मून
सुपर हार्वेस्ट मून 18 सितंबर को दिखाई देगा। दरअसल, सितंबर विषुव की करीबी पूर्णिमा को सुपर हार्वेस्ट मून के तौर पर देखा जाता है। इस दिन चंदा मामा सामान्य से बड़े नजर आएंगे और रात बेहद रोशन होगी।
