Iran US Ceasefire Proposal: पश्चिम एशिया में जारी भयंकर सैन्य संघर्ष के बीच एक बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका और ईरान के बीच पिछले महीने हुए अंतरिम शांति समझौते को दोबारा जीवित करने और युद्ध को रोकने के उद्देश्य से मध्यस्थ देशों ने ईरान को 10 दिनों के युद्धविराम का एक औपचारिक प्रस्ताव सौंपा है।
रॉयटर्स (Reuters) की रिपोर्ट के मुताबिक, ईरान के एक वरिष्ठ अधिकारी ने इस बात की पुष्टि करते हुए बताया कि मध्यस्थों ने दोनों देशों के बीच तनाव को कम करने और कूटनीतिक रास्ते तलाशने के लिए यह 10 दिवसीय सीजफायर प्लान तैयार किया है। इससे पहले ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने भी स्वीकार किया था कि तेहरान को मध्यस्थों से कुछ प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं।
रुबियो बोले- ईरान में बातचीत और युद्ध को लेकर दो गुट
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भी इस बात के संकेत दिए हैं कि संयुक्त राज्य अमेरिका और ईरान कूटनीतिक समाधान खोजने के लिए तैयार हो सकते हैं। हालांकि, उन्होंने कड़े शब्दों में कहा कि ईरानी शासन इस समय दो फाड़ में बंटा हुआ है-एक गुट जो अमेरिका के साथ बातचीत का समर्थक है और दूसरा कट्टरपंथी गुट जो केवल युद्ध चाहता है।
रुबियो ने जोर देकर कहा कि कूटनीति को एक मौका देने के लिए ईरान को क्षेत्रीय देशों और वाणिज्यिक जहाजों पर अपने हमले तुरंत रोकने होंगे और अपने व्यवहार में सुधार लाना होगा।
कुवैत में अमेरिकी बेस और ड्रोनों पर IRGC का हमला
शांति प्रस्तावों की खबरों के बीच दोनों देशों के बीच 10वें दिन भी भयंकर हमले जारी रहे। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने रविवार रात 10 बजे ईरान के सैन्य कमान केंद्रों, एयर डिफेंस सिस्टम, तटीय निगरानी ठिकानों और मिसाइल-ड्रोन लॉन्च साइटों पर व्यापक बमबारी पूरी की, ताकि 'स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज' में मर्चेंट जहाजों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
दूसरी तरफ, ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने भी पलटवार करते हुए बड़े दावों की झड़ी लगा दी है।
कुवैत में अमेरिकी एयरबेस पर हमला: IRGC ने दावा किया है कि उसने ड्रोन हमले के जरिए कुवैत के 'अली अल सालेम' एयर बेस पर अमेरिकी MQ-9 ड्रोनों के हैंगर और उड्डयन उपकरण गोदाम को पूरी तरह तबाह कर दिया है।
बहरीन में एयर डिफेंस अलर्ट: बहरीन में भी ईरानी ड्रोनों के हमले के बाद एयर-रेड सायरन बजाए गए, जहां बहरीन के एयर डिफेंस ने ईरानी मिसाइलों को हवा में ही इंटरसेप्ट किया।
जॉर्डन में 29 अमेरिकी सैनिक घायल
'न्यू यॉर्क टाइम्स' की रिपोर्ट के अनुसार, जॉर्डन में अमेरिकी ठिकानों पर हुए ईरानी हमलों में कम से कम 3 अमेरिकी सैनिक मारे गए हैं और 29 सैनिक गंभीर रूप से घायल हुए हैं। इन हमलों में अमेरिका के कई सैन्य हेलीकॉप्टरों और लड़ाकू विमानों को भारी नुकसान पहुंचा है।
IRGC ने दावा किया है कि उसने शनिवार को जॉर्डन के 'अल-अजरक' एयर बेस पर खड़े कम से कम दो अमेरिकी फाइटर जेट्स को पूरी तरह नष्ट कर दिया था। युद्ध के इस विनाशकारी मोड़ पर 10 दिनों के सीजफायर प्रस्ताव को पूरी दुनिया के लिए एक बड़ी उम्मीद के रूप में देखा जा रहा है।
