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LPG Crisis: 'कोई संकट नहीं...हमारे पास पर्याप्त एनर्जी सोर्स उपलब्ध, पेट्रोलियम मंत्री का बयान, कहा-'किसी को घबराने की जरूरत नहीं'

LPG संकट को लेकर सरकार का बयान सामने आया है। उनका कहना है कि जारी किए गए निर्देशों के बाद, तेल रिफाइनरियों द्वारा LPG के प्रोडक्शन में 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है।

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सरकार ने साफ किया कि हम कई देशों की तुलना में बहुत बेहतर हालत में (फाइल फोटो:istock)

एलपीजी (LPG) संकट को लेकर सरकार का बयान सामने आया है। उनका कहना है कि जारी किए गए निर्देशों के बाद, तेल रिफाइनरियों द्वारा LPG के प्रोडक्शन में 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। कल जारी किए गए निर्देशों के बाद, तेल रिफाइनरियों द्वारा LPG के प्रोडक्शन में 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है।

मिडिल ईस्‍ट में संघर्ष के कारण आयातित गैस आपूर्ति बाधित होने के बीच पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि 'आज मीडिया के लोगों के साथ इनफॉर्मल बातचीत में, हमने इस बात पर चर्चा की कि भारत में एनर्जी का इंपोर्ट अलग-अलग सोर्स और रास्तों से लगातार हो रहा है। हमने यह पक्का करने के लिए कदम उठाए हैं कि घरेलू कंज्यूमर्स को CNG और PNG की 100% सप्लाई हो और दूसरी इंडस्ट्रीज़ को भी युद्ध के हालात के बावजूद 70-80% सप्लाई मिलती रहे। हम अपने घरेलू कंज्यूमर्स को सस्ती एनर्जी की बिना रुकावट सप्लाई पक्का करने के लिए कमिटेड हैं। घरेलू कंज्यूमर्स के लिए कोई कमी नहीं है और घबराने की कोई बात नहीं है।'

सरकार ने गड़बड़ियों को रोकने के लिए दिनों की संख्या 21 से बढ़ाकर 25 कर दी है। वहीं एसेंशियल सर्विसेज़ मेंटेनेंस एक्ट नहीं, बल्कि एसेंशियल कमोडिटीज एक्ट लागू किया गया है। सरकार ने कहा कि 'कोई संकट नहीं है..हमारे पास पर्याप्त एनर्जी सोर्स उपलब्ध हैं'

'हम इस स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार'

सरकार ने साफ किया कि 'हम कई देशों की तुलना में बहुत बेहतर हालत में हैं और हम हर दिन अपनी एनर्जी की मांग पूरी करने के लिए कई देशों के संपर्क में हैं। सरकारी अधिकारी अलग-अलग देशों के साथ रेगुलर संपर्क में हैं और सप्लाई चेन में कोई रुकावट न आए, यह पक्का करने के लिए देशों के अधिकारियों से बात कर रहे हैं। हम इस स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।'

'सभी रिफाइनरियां 100 प्रतिशत क्षमता के साथ काम कर रही हैं'

कोई संकट नहीं है.. सभी रिफाइनरियां 100 प्रतिशत क्षमता के साथ काम कर रही हैं, सरकार ने कहा कि लोगों को फैलाई जा रही गलत जानकारी पर विश्वास नहीं करना चाहिए और घरेलू खपत हमारी प्राथमिकता है। सरकार को लगता है कि LPG संकट को बताने वाले कुछ एसोसिएशन के लिखे लेटर तथाकथित एसोसिएशन के हैं, लेकिन फिर भी सरकार उनकी बताई गई चिंताओं पर काम कर रही है।

सरकारी सूत्रों का कहना है -

*ऑयल मार्केटिंग कंपनियां अलग-अलग रेस्टोरेंट एसोसिएशन से बात करेंगी ताकि LPG सप्लाई की उनकी दिक्कतों को समझा जा सके।

*सरकार ने उनकी शिकायतें सुनने के लिए IOC, HPCL और BPCL के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर्स वाली 3 मेंबर्स की एक कमेटी बनाई है। कमर्शियल LPG की उनकी असली ज़रूरत पूरी की जाएगी। यह कमेटी ज़रूरतों के हिसाब से सप्लाई को रीप्रायोरिटाइज़ भी करेगी।

*रीप्रायोरिटाइज़ेशन की वजह से, पिछले कुछ दिनों में घरेलू LPG प्रोडक्शन में 10 परसेंट की बढ़ोतरी हुई है। LPG और LNG का कंसाइनमेंट अलग-अलग सोर्स से आ रहा है। बहुत जल्द LPG/LNG का कुछ नया कंसाइनमेंट आने की उम्मीद है।

*हम पहले भी मुश्किलों में थे लेकिन आज पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स के किसी भी मुश्किल में नहीं हैं।

*इंडियन रिफाइनरियां पूरी कैपेसिटी से चल रही हैं जैसे वे ईरान-इज़राइल लड़ाई से पहले चल रही थीं।

*हम अपनी 70 परसेंट क्रूड ऑयल सप्लाई स्ट्रेट ऑफ़ होर्मुज़ के अलावा दूसरे सोर्स से ले रहे हैं।

*हम इस मुश्किल से बेहतर तैयारी के साथ निकले

*संकट खत्म होने के बाद भारत दूसरे देशों के मुकाबले बेहतर तरीके से उबरेगा

Ravi Vaish
रवि वैश्यauthor

रवि वैश्य टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर कार्यरत एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें पत्रकारिता में 20 वर्षों का व्यापक अनुभव हासिल है। खबरों की बारीकियों को समझने और तेजी से प्रस्तुत करने में उनकी विशेष दक्षता है। टीवी पत्रकारिता में रिपोर्टिंग और डेस्क—दोनों क्षेत्रों में अनुभव होने के कारण वे समाचारों को बहुआयामी दृष्टिकोण से देखते हैं। देश–दुनिया की ताजातरीन अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज, एक्सप्लेनर और विशेष स्टोरीज तैयार करने में वे सिद्धहस्त हैं। उनकी प्राथमिकता हमेशा यही रही है कि हर खबर तेज, सटीक और जानकारीपूर्ण रूप में पाठकों तक पहुंचे। रवि वैश्य अब तक 22,000 से अधिक खबरें लिख चुके हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, इंटरव्यू, ग्राउंड रिपोर्ट्स, विश्लेषण और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

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