Sugar Price Hike: त्योहार सीजन की शुरुआत से पहले चीनी के दाम बढ़ते जा रहे हैं। रिटेल मार्केट में 1 किलो चीनी की कीमत (1Kg Sugar Price) 65 रुपये या कहीं-कहीं इससे भी ज्यादा पहुंच चुकी है। इसी बीच सोमवार को भारतीय चीनी मिल संघ (ISMA) के अध्यक्ष नीरज शिरगांवकर ने कहा है कि देश में चीनी की कोई कमी नहीं है और उत्पादन तथा स्टॉक की स्थिति मूल रूप से संतोषजनक बनी हुई है। उन्होंने कहा कि मौजूदा स्थिति को आपूर्ति की संरचनात्मक समस्या के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए।
शिरगांवकर ने कहा कि त्योहारों के मौसम से पहले बाजार की धारणा में आए बदलाव को देखते हुए कुछ अल्पकालिक और संतुलित कदम उठाए जा रहे हैं। उनका उद्देश्य बाजार में बनी धारणा को नियंत्रित करना है, न कि किसी वास्तविक चीनी संकट से निपटना।
उत्पादन और स्टॉक की स्थिति आरामदायक
आईएसएमए अध्यक्ष के मुताबिक देश में चीनी का उत्पादन और उपलब्ध स्टॉक पर्याप्त है। उन्होंने जोर देकर कहा कि बाजार में मौजूदा चिंता का कारण चीनी की वास्तविक कमी नहीं, बल्कि त्योहारी सीजन से पहले बाजार की धारणा है। उन्होंने कहा कि सरकार और उद्योग की ओर से उठाए जा रहे अस्थायी उपाय इसी स्थिति को संभालने के लिए हैं। इन कदमों का उद्देश्य बाजार में संतुलन बनाए रखना और त्योहारी मांग के दौरान किसी तरह की अनिश्चितता को रोकना है।
संरचनात्मक आपूर्ति संकट नहीं
नीरज शिरगांवकर ने साफ किया कि मौजूदा स्थिति को दीर्घकालिक या संरचनात्मक आपूर्ति समस्या के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। उनके मुताबिक देश की उत्पादन क्षमता और मौजूदा स्टॉक की स्थिति इस बात का संकेत देती है कि घरेलू बाजार में चीनी की उपलब्धता को लेकर बुनियादी स्तर पर कोई बड़ा संकट नहीं है।
त्योहारों से पहले बाजार पर नजर
त्योहारी सीजन के दौरान चीनी की मांग बढ़ने की संभावना रहती है। ऐसे में बाजार की कीमतों और उपलब्धता को लेकर धारणा महत्वपूर्ण हो जाती है। आईएसएमए का कहना है कि इसी अवधि को ध्यान में रखते हुए अस्थायी और संतुलित उपाय किए जा रहे हैं, ताकि बाजार में अनावश्यक दबाव न बने। उन्होंने दोहराया कि देश में चीनी की कमी नहीं है और मौजूदा कदम अल्पकालिक बाजार प्रबंधन से जुड़े हैं, न कि किसी गंभीर आपूर्ति संकट के समाधान के तौर पर।
