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'अपनी बेटी की टांगें तोड़ दो अगर...', प्रज्ञा ठाकुर की अपमानजनक टिप्पणी पर तीखी प्रतिक्रिया

भोपाल की पूर्व सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने एक धार्मिक कार्यक्रम में यह सुझाव देकर विवाद खड़ा कर दिया कि माता-पिता को अपनी बेटियों को गैर-हिंदुओं के घरों में जाने से रोकना चाहिए, यहाँ तक कि अगर वे ऐसा नहीं करतीं तो हिंसा की भी वकालत की।

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भोपाल की पूर्व सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर (फाइल फोटो: PTI)

इस हफ़्ते एक नया विवाद तब खड़ा हो गया जब भोपाल की पूर्व सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने भोपाल में एक धार्मिक कार्यक्रम में उपस्थित लोगों से कहा कि माता-पिता को अपनी बेटियों को 'गैर-हिंदुओं' के घरों में जाने से रोकना चाहिए और अगर वे ऐसा नहीं करतीं, तो 'उनकी टाँगें तोड़ देनी चाहिए।'

ठाकुर की इस टिप्पणी की विपक्ष ने कड़ी निंदा की और कांग्रेस ने भाजपा पर ऐसे बयानों के ज़रिए 'घृणा'और सांप्रदायिक विभाजन को बढ़ावा देने का आरोप लगाया।

क्या कहा गया

एक सभा में, ठाकुर ने माता-पिता को उन लड़कियों के प्रति 'सतर्क' रहने की चेतावनी दी, जो उनके अनुसार 'मूल्यों का पालन नहीं करतीं।' प्रज्ञा ने कहा, 'अपने मन को मज़बूत करो और इतना मज़बूत बनाओ कि अगर हमारी बेटी हमारी बात न माने, किसी गैर-हिंदू के घर जाए, तो उसकी टाँगें तोड़ने में कोई कसर न छोड़ें। जो लोग संस्कारों का पालन नहीं करते और अपने माता-पिता की बात नहीं मानते, उन्हें सज़ा मिलनी ही चाहिए। अगर आपको अपने बच्चों की भलाई के लिए उन्हें पीटना पड़े, तो पीछे न हटें।'

'उन्हें पीटकर, समझाकर, शांत करके, प्यार दिखाकर या डाँटकर रोकें'

'उन लड़कियों के प्रति ज़्यादा सतर्क रहें जो पारिवारिक मूल्यों का पालन नहीं करतीं, जो अपने माता-पिता की बात नहीं मानतीं, जो बड़ों का सम्मान नहीं करतीं और घर से भागने को तैयार दिखती हैं। उन्हें अपने घरों से बाहर न जाने दें-उन्हें पीटकर, समझाकर, शांत करके, प्यार दिखाकर या डाँटकर रोकें।'

विपक्षी दलों ने व्यापक आक्रोश और तीखी आलोचना की

एक धार्मिक आयोजन के दौरान की गई इस टिप्पणी पर विपक्षी दलों ने व्यापक आक्रोश और तीखी आलोचना की है, जिन्होंने ठाकुर पर नफ़रत फैलाने और हिंसा भड़काने का आरोप लगाया है।

कांग्रेस प्रवक्ता भूपेन्द्र गुप्ता ने उनकी टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा, 'मध्य प्रदेश में (कथित धर्म परिवर्तन के) केवल सात मामलों में दोषसिद्धि होने पर इतना शोर और नफरत क्यों फैलाई जा रही है?'

Ravi Vaish
रवि वैश्यauthor

रवि वैश्य टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर कार्यरत एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें पत्रकारिता में 20 वर्षों का व्यापक अनुभव हासिल है। खबरों की बारीकियों को समझने और तेजी से प्रस्तुत करने में उनकी विशेष दक्षता है। टीवी पत्रकारिता में रिपोर्टिंग और डेस्क—दोनों क्षेत्रों में अनुभव होने के कारण वे समाचारों को बहुआयामी दृष्टिकोण से देखते हैं। देश–दुनिया की ताजातरीन अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज, एक्सप्लेनर और विशेष स्टोरीज तैयार करने में वे सिद्धहस्त हैं। उनकी प्राथमिकता हमेशा यही रही है कि हर खबर तेज, सटीक और जानकारीपूर्ण रूप में पाठकों तक पहुंचे। रवि वैश्य अब तक 22,000 से अधिक खबरें लिख चुके हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, इंटरव्यू, ग्राउंड रिपोर्ट्स, विश्लेषण और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

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