महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजित पवार की जिस हादसे में मौत हुई थी, उस बारामती प्लेन क्रैश की एएआईबी की रिपोर्ट पर सवाल खड़े होने शुरू हो गए हैं। अब एएआईबी की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट को लेकर एनसीपी के वरिष्ठ नेता और महाराष्ट्र सरकार में मंत्री छगन भुजबल ने सवाल पूछा है कि अगर अजित पवार का प्लेन पेड़ों से टकराया था, तो इस घटना को किसी ने देखा क्यों नहीं।
और क्या बोले छगन भुजबल
पत्रकारों से बातचीत में भुजबळ ने कहा कि मुझे हैरानी है। अगर विमान पेड़ों से टकराया था, तो किसी न किसी ने तो यह देखा होता।
एएआईबी की प्रारंभिक रिपोर्ट में क्या है?
एएआईबी की प्रारंभिक रिपोर्ट में बताया गया है कि पास के एक गांव में लगे सीसीटीवी कैमरों में विमान को दाईं ओर झुकते (banking rightward) और कुछ पेड़ों से टकराते हुए देखा गया। इसके बाद विमान रनवे की सतह से नीचे स्थित जमीन पर गिर गया और तुरंत आग की लपटों में घिर गया। रिपोर्ट में यह भी उल्लेख है कि दुर्घटना स्थल रनवे की ऊंचाई से नीचे था, जिससे विमान के नियंत्रण खोने की आशंका जताई गई है।
विमान कंपनी के कागजात और उड़ान रिकॉर्ड जब्त
जांच रिपोर्ट में कहा गया है कि विमान का संचालन करने वाली कंपनी वीएसआर वेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड से जुड़े सभी अहम कागजात जब्त कर लिए गए हैं। इनमें विमान की उड़ान सुरक्षा मेंटेनेंस और संचालन से जुड़े दस्तावेज शामिल हैं। इन कागजात की जांच अन्य सबूतों के साथ की जा रही है।
तकनीकी खराबी की बात से कंपनी का इनकार
रिपोर्ट में कहा गया है कि हादसे से पहले की उड़ान में किसी तकनीकी खराबी की जानकारी नहीं मिली थी। पिछली उड़ान के पायलटों और तकनीशियन के बयान के अनुसार विमान सामान्य स्थिति में था। तकनीकी लॉग बुक में भी किसी बड़ी खराबी का उल्लेख नहीं पाया गया।
वीआईपी और चार्टर उड़ानों के नियमों पर बहस
इस हादसे के बाद अनियंत्रित हवाई अड्डों पर वीआईपी और चार्टर उड़ानों को लेकर नई बहस शुरू हो गई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि ऐसे हवाई अड्डों पर मौसम और सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन जरूरी है। जांच में नागर विमानन महानिदेशालय को भी निर्देश और निगरानी मजबूत करने की सिफारिश की गई है।
जांच जारी अंतिम रिपोर्ट का इंतजार
जांच एजेंसी ने साफ किया है कि यह रिपोर्ट प्रारंभिक है और इसमें बदलाव संभव है। फ्लाइट रिकॉर्डर के पूरे विश्लेषण और सभी सबूतों की जांच के बाद अंतिम रिपोर्ट जारी की जाएगी। उसी के आधार पर हादसे की असली वजह और जिम्मेदारी तय हो सकेगी।
गौरतलब है कि 28 जनवरी को बारामती में लीयरजेट 45 विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिसमें तत्कालीन महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और एनसीपी अध्यक्ष अजीत पवार सहित विमान में सवार सभी पांच लोगों की मौत हो गई।
