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लालू के लिए दोहरी मुसीबत! इधर गिर रही सरकार उधर नौकरी के बदले जमीन घोटाले में पत्नी राबड़ी समेत बेटी मीसा को कोर्ट ने किया तलब

  • Authored by: शिशुपाल कुमार
  • Updated Jan 27, 2024, 05:30 PM IST

Land For Job Scam: ईडी ने इस मामले में राबड़ी देवी, हेमा यादव, मीसा भारती, अमित कात्याली, हृदयानंद चौधरी और अन्य को शामिल करते हुए अपनी पहली चार्जशीट जारी की है।

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नौकरी के बदले जमीन घोटाले में राबड़ी-मीसा तलब

Photo : Twitter

Land For Job Scam: एक ओर बिहार की राजनीति में उथल-पुथल मची है। लालू यादव की पार्टी को सत्ता से बाहर कर नीतीश बीजेपी के साथ जाने की तैयारी कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर लालू परिवार एक और मुसीबत में फंसता दिख रहा है। दिल्ली की एक अदालत ने नौकरी के बदले जमीन घोटाले में लालू यादव की पत्नी और बिहार की पूर्व सीएम राबड़ी देवी और उनकी बेटी मीसा भारती को तलब किया है। इन्हें 9 फरवरी को अदालत में पेश होना है।

आरोप पत्र स्वीकार

इससे पहले दिन में हुई सुनवाई के दौरान, दिल्ली की राउज़ एवेन्यू कोर्ट ने लालू यादव और उनके परिवार के सदस्यों से जुड़े कथित नौकरी के बदले जमीन घोटाले की मनी लॉन्ड्रिंग जांच में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा दायर आरोप पत्र को स्वीकार कर लिया। जांच एजेंसी ने इस मामले में राबड़ी देवी, हेमा यादव, मीसा भारती, अमित कात्याली, हृदयानंद चौधरी और अन्य को शामिल करते हुए अपनी पहली चार्जशीट जारी की है। यादव परिवार के कथित करीबी सहयोगी अमित कात्याली और पूर्व रेलवे कर्मचारी हृदयानंद चौधरी को भी 9 फरवरी को अदालत में पेश होने के लिए बुलाया गया है।

क्या है नौकरी के बदले जमीन घोटाला

यह आरोप लगाया गया है कि 2004 से 2009 तक, कई लोगों को भारतीय रेलवे के विभिन्न क्षेत्रों में समूह "डी" पदों पर नियुक्त किया गया था, जिसके बदले में उन्होंने तत्कालीन रेल मंत्री प्रसाद के परिवार के सदस्यों और ए के इन्फोसिस्टम्स प्राइवेट लिमिटेड नामक एक संबद्ध कंपनी को जमीन हस्तांतरित की थी। ईडी ने पहले एक बयान में दावा किया था कि कात्याल इस कंपनी के निदेशक थे, जब इसने "लालू प्रसाद की ओर से" उम्मीदवारों से जमीन हासिल की थी।

लालू परिवार का संबंध

एजेंसी ने आरोप लगाया था कि कंपनी का पंजीकृत पता डी-1088, न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी, नई दिल्ली है, जो लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार के सदस्यों का घर है। एजेंसी ने कहा कि लालू प्रसाद यादव जब रेल मंत्री थे, तब उन्हें अनुचित लाभ पहुंचाने के बदले में अमित कात्याल ने उक्त कंपनी में कई अन्य जमीनें भी हासिल की थीं।

शिशुपाल कुमार
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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