G7 Meeting: एक कहावत है कि जिस अंदाज में आप खुद को पेश करते हैं लोग भी उसी अंदाज से महत्व देते हैं। बात यहां जापान के हिरोशिमा में जी-7 बैठक की हो रही है। यह बैठक कई मायनों में खास है। लेकिन जी-7 में बिना सदस्य होते हुए भारत की नुमाइंदगी इसे और खास बना देती हैं। पीएम नरेंद्र मोदी(Narendra Modi in Quad meeting) ने कहा कि अब युद्ध का युग नहीं, शांति बने रहना पूरी दुनिया जहां के लिए जरूरी है, जिसका सभी देशों ने समर्थन किया। उससे इतर जब अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन खुद चलकर पीएम नरेंद्र मोदी के पास आए और गले लगे तो वो महज सिर्फ गले लगने तक सीमित नहीं था, बल्कि संदेश भी था। बदलते भारत को दुनिया का सबसे ताकतवर मुल्क अमेरिका भी अब तरजीह देने के लिए बाध्य है। क्वॉड की बैठक(Quad Meeting) के दौरान कई दिलचस्प बातें हुईं। मसलन जो बाइडेन(Joe Biden) ने कहा कि मुझे आपका ऑटोग्राफ चाहिए। यहीं नहीं आपकी लोकप्रियता इस हद तक है कि अमेरिकी लोग डिनर में शामिल होने के लिए पैरवी लगा रहे हैं।
पापुआ न्यूगिनी कर रहा है इंतजार
आज जब पीएम पापुआ न्यू गिनी में उतरेंगे तो उनके पीएम एयरपोर्ट पर पीएम मोदी की अगवानी करने आएंगे। आम तौर पर पीएनजी सूर्यास्त के बाद आने वाले किसी भी नेता का औपचारिक स्वागत नहीं करता है। लेकिन पीएम मोदी के लिए खास छूट बनाई जा रही है और उनका पूरी तरह से रस्मी स्वागत किया जाएगा.FIPIC समिट में 14 देशों के नेता भाग लेंगे। आम तौर पर कनेक्टिविटी और अन्य मुद्दों के कारण ये सभी शायद ही कभी एक साथ मिलते हैं।भारत को जी7 शिखर सम्मेलन के लिए एक के बाद एक निमंत्रण मिल रहे हैं।ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री सिडनी में सामुदायिक कार्यक्रम में भी भाग लेंगे।पररामत्ता में हैरिस पार्क क्षेत्र को 'लिटिल इंडिया' के नाम से भी जाना जाएगा। इसकी घोषणा पीएम के सामुदायिक कार्यक्रम के दौरान भी की जाएगी।
पर्यावरण संरक्षण पर भी संदेश
पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास का संदेश पीएम मोदी ने ना सिर्फ बयानों में दिया। बल्कि वेशभूषा के जरिए भी दिया।
Narendra Modi Jacket
क्वॉड पर पीएम मोदी ने क्या कहा
जी 7 बैठक से इतर पीएम मोदी ने कहा कि 2024 में भारत क्वॉड की बैठक करने का इच्छुक है। इस मौके पर पर वो ऑस्ट्रेलिया, जापान और अमेरिका के नेताओं को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि क्वॉड का मकसद किसी के खिलाफ समुह नहीं बनाना है बल्कि हमारी कोशिश है कि वैश्विक स्तर पर लोगों को इसका फायदा पहुंच सके।
