Jharkhand Students Protest: झारखंड की राजधानी रांची में पिछले 19 दिनों से छात्रों का आंदोलन चल रहा है। बुधवार को इस आंदोलन में झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी के दिग्गज नेता रघुवर दास पहुंचे। छात्रों से उन्होंने बातचीत की और आश्वासन दिया कि अगर हेमंत सरकार उनकी मांगें नहीं मानती है तो वो खुद अनशन पर बैठेंगे।
उन्होंने सरकार को अल्टीमेटम देते हुए कहा कि अगर एक हफ्ते के अंदर स्टूडेंट्स की मांगें नहीं मानी गई तो वो खुद भगवान बिरसा मुंडा के समाधि स्थल पर अनशन पर बैठेंगे। बता दें कि हेमंत सरकार ने छात्रों की ज्यादातर मांगें तो मांग ली है, लेकिन पेपर लीक मामले में सीबीआई जांच पर बात नहीं बन पाई है।
अपना काम सही तरीके से करें अधिकारी: रघुवर दास
उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि वे अपना काम सही तरीके से करें। सत्ता स्थायी नहीं होती, आती-जाती रहती है, लेकिन अधिकारियों का कैरियर लंबा होता है। उन्होंने कहा कि भविष्य में छात्रों के साथ छेड़छाड़ या दबाव बनाने की कोशिश नहीं की जानी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से संविधान और लोकतांत्रिक व्यवस्था के अनुरूप काम करने की अपील की। साथ ही कहा कि यदि छात्रों के साथ अन्याय जारी रहा, तो जनता इसका जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देगी।
वहीं, भूख हड़ताल पर बैठे झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के नेता देवेंद्र महतो ने ने बुधवार रात रांची के सिविल सर्जन को पत्र लिखकर अस्पताल से छुट्टी लेकर दोबारा प्रदर्शन स्थल पर लौटने की अनुमति मांगी है। देवेंद्र महतो फिलहाल रांची के सदर अस्पताल में इलाज करा रहे हैं। स्वास्थ्य बिगड़ने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इसके बावजूद उन्होंने अपना आंदोलन जारी रखने की बात कही है। अस्पताल में जाकर रघुवर दास ने देवेंद्र नाथ महतो से मुलाकात की।
जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम लौटना चाहते हैं देवेंद्र महतो
अस्पताल में इलाज के दौरान देवेंद्र महतो ने सिविल सर्जन को पत्र लिखकर जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम स्थित धरना स्थल पर वापस जाने की अनुमति मांगी है। उनका कहना है कि वह अस्पताल से निकलकर फिर से आंदोलन में शामिल होना चाहते हैं। हालांकि, अस्पताल प्रशासन और स्वास्थ्य अधिकारियों की ओर से उनकी मौजूदा स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए क्या फैसला लिया जाएगा, यह अभी स्पष्ट नहीं है।
