Sanjay Raut: शिवसेना UBT का संकट लगातार गहराता जा रहा है। सांसदों की कथित बगावत के बाद अब कई विधायकों के भी पार्टी छोड़ने की चर्चाएं सामने आ रही हैं। इसे लेकर सांसद संजय राउत ने एक बार फिर अपने फायरब्रांड अंदाज में विरोधियों पर हमला बोला। राउत ने शिंदे गुट के भी असली शिव सेना होने पर सवाल उठाए। अपने आक्रामक अंदाज में राउत ने कहा कि जो भी पार्टी तोड़ने की कोशिश करेगा, उसके सबक सिखाएंगे। पार्टी सांसद अरविंद सावंत के साथ संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में शिवसेना (यूबीटी) सांसद संजय राउत ने कहा कि शिंदे की शिवसेना कब से असली शिवसेना बन गई? असली शिवसेना तो यहीं है। जहां ठाकरे वहां शिवसेना।
हमारे बाप का नाम बालासाहेब ठाकरे है..
शिवसेना (यूबीटी) विधायकों को तोड़ने के प्रयासों की अफवाहों के बारे में एएनआई के सवाल का जवाब देते हुए पार्टी नेता संजय राउत ने कहा, उन्हें लगता है कि उन्होंने यह एक बार कर दिखाया है। मैं उनसे कहूंगा, करके दिखाओ। आपको नहीं तोड़ेंगे ना तो हमारे बाप का नाम नहीं बताएंगे। हमारे बाप का नाम बालासाहेब ठाकरे है। क्या आप लोकतंत्र का मजाक उड़ा रहे हैं? क्या आपको इतना पैसा चाहिए? आप ईडी-सीबीआई से किसे धमका रहे हैं? हमें? हम पहले ही जेल जा चुके हैं और दोबारा जेल जाने को तैयार हैं। लेकिन मैं आपको सबक सिखाने के बाद ही जेल जाऊंगा।
उद्धव ठाकरे ने कई विधायकों से बात की
शिवसेना (यूबीटी) सांसदों में मची खींचतान के बीच उद्धव ठाकरे ने कई विधायकों से बात की है और राजनीतिक हालात की ली जानकारी। सूत्रों के मुताबिक उद्धव ठाकरे ने हाल ही में पार्टी के कुछ विधायकों से फोन पर बातचीत की है। इस दौरान उन्होंने विधायकों का हालचाल जानने के साथ-साथ राज्य के मौजूदा राजनीतिक घटनाक्रम की जानकारी भी ली। सूत्रों का कहना है कि 19 जून को शिवसेना के स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित होने वाले ‘शिवगर्जना मेळावा’ में उद्धव ठाकरे कई महत्वपूर्ण राजनीतिक मुद्दों पर अपना पक्ष रख सकते हैं।
उद्धव ठाकरे ने पार्टी विधायकों की बैठक बुलाई
सूत्रों के अनुसार 22 जून को मुंबई स्थित शिवालय में उद्धव ठाकरे ने पार्टी विधायकों की बैठक बुलाई है, जिसमें संगठनात्मक और राजनीतिक रणनीति पर चर्चा होने की संभावना है। हालांकि पार्टी की ओर से इन बैठकों को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। बताया जा रहा है कि उद्धव के साथ सिर्फ 20 विधायक ही रहे गए हैं। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि पार्टी का क्या भविष्य होगा?
