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West Bengal: सुवेंदु अधिकारी के CM पद पर रहते पश्चिम बंगाल विधानसभा में नहीं जाउंगा...', हूमायूं कबीर का बड़ा दावा

चुनाव प्रचार के दौरान कई विवादों में रहे कबीर ने यह भी कहा कि जब तक सुवेंदु अधिकारी मुख्यमंत्री पद पर रहेंगे, वे विधानसभा नहीं जाएंगे। उन्होंने अपने इस फैसले के लिए नौडा के लोगों से माफी भी मांगी।

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हूमायूं कबीर (फाइल फोटो)

रेजीनगर (Rejinagar) में वोटिंग के दौरान पुलिस के साथ तीखी बहस के बाद AJUP चीफ और नौडा के MLA हुमायूं कबीर बुधवार को मीडिया के सामने भावुक हो गए। उन्होंने चुनावी राजनीति छोड़ने का संकेत दिया और दावा किया कि मुर्शिदाबाद जिले की मुस्लिम-बहुल सीट पर बीजेपी जीतेगी।

चुनाव प्रचार के दौरान कई विवादों में रहे कबीर ने यह भी कहा कि जब तक सुवेंदु अधिकारी मुख्यमंत्री पद पर रहेंगे, वे विधानसभा नहीं जाएंगे। उन्होंने अपने इस फैसले के लिए नौडा के लोगों से माफी भी मांगी कहा- 'मेरी जो अलोटेड सीट हैं विधान सभा उसपर भी नहीं बैठूंगा, विधान सभा का बॉयकॉट करूंगा, इस मुख्यमंत्री का सामना नहीं करूंगा जिन्होंने पुलिस का इस्तेमाल कर रेजीनगर में दहशत फैलाई।' आगे कहा- 'दुर्गा पूजा के बाद, नौदा विधानसभा से विधायक रहूंगा या नहीं उसपर निर्णय नौडा के लोगो से बात करके लूंगा।'

'अगर सुवेंदु अधिकारी मुख्यमंत्री बने रहते हैं, तो मैं विधानसभा नहीं जाऊंगा'

कबीर ने कहा,'अगर सुवेंदु अधिकारी मुख्यमंत्री बने रहते हैं, तो मैं विधानसभा नहीं जाऊंगा। मैं नौडा (Nowda) के लोगों से माफी मांगूंगा।' कबीर ने राजनीति से स्वेच्छा से रिटायरमेंट लेने का भी संकेत दिया। उन्होंने कहा कि राजनीतिक व्यवस्था और उनके साथ किए गए व्यवहार से उनका मोहभंग हो गया है।

AJUP चीफ का यह बयान रेजीनगर में हाई-वोल्टेज वोटिंग के एक दिन बाद आया

AJUP चीफ का यह बयान रेजीनगर में हाई-वोल्टेज वोटिंग के एक दिन बाद आया है। वहां पार्टी ऑफिस के बाहर पुलिस के साथ टकराव के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया था। करीब 12 घंटे हिरासत में रहने के बाद उन्हें रिहा कर दिया गया। घटनाक्रम में आए इस नाटकीय मोड़ ने रेजीनगर में पहले से ही चर्चा में रहे उपचुनाव में एक नया ट्विस्ट ला दिया है। यह अल्पसंख्यक-बहुल सीट है, जहां कबीर के बेटे गुलाम नबी आजाद AJUP उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ रहे हैं।

कबीर ने पिछले चुनाव में नौडा और रेजीनगर दोनों सीटों पर जीत हासिल की

कबीर ने पिछले विधानसभा चुनाव में नौडा और रेजीनगर दोनों सीटों पर जीत हासिल की थी। नियमों के मुताबिक उन्होंने रेजीनगर सीट खाली कर दी थी, जिसके कारण वहां उपचुनाव कराना पड़ा। हालांकि, मंगलवार को वोटिंग के बाद कबीर की पुलिस से झड़प के बाद यह राजनीतिक मुकाबला जल्द ही व्यक्तिगत रूप ले गया। उन पर अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने, वोटरों को प्रभावित करने की कोशिश करने और भड़काऊ बयान देने का आरोप लगा। इसके बाद पुलिस ने पार्टी ऑफिस के बाहर हुई झड़प के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तारी वोटिंग वाले दिन की सबसे नाटकीय घटना

यह गिरफ्तारी वोटिंग वाले दिन की सबसे नाटकीय घटना बन गई, जबकि इन दोनों सीटों पर अपेक्षाकृत अधिक मतदान हुआ था। बुधवार को कबीर का रूप, एक दिन पहले अपनी पार्टी के दफ्तर के बाहर दिखे आक्रामक नेता से बिल्कुल अलग था। आंखों में आंसू लिए पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने पुलिस और प्रशासन पर निशाना साधा और आरोप लगाया कि रेजीनगर में चुनाव प्रक्रिया निष्पक्ष नहीं थी।

Pooja Mehta
पूजा मेहताauthor

पूजा मेहता एक वरिष्ठ टेलीविज़न पत्रकार हैं, जिन्हें रिपोर्टिंग का लगभग 15 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने राजनीति, आतंकवाद, आंतरिक संघर्ष, रक्षा, पर्यावरण और अपराध पर व्यापक रिपोर्टिंग की है, विशेष रूप से पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर राज्यों पर गहरा फोकस रखते हुए। संघर्षग्रस्त इलाकों से उनकी ज़मीनी रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों की गहन समझ उन्हें पैनी दृष्टि और विश्वसनीय विश्लेषण के लिए अलग पहचान दिलाती है। वह प्रमाणित Defence Correspondent हैं और अमेरिकी विदेश विभाग के प्रतिष्ठित International Visitor Leadership Program (IVLP) की एलुमनी भी हैं, जिससे विदेशी नीति, सुरक्षा और सामरिक मामलों में उनकी विशेषज्ञता और मजबूत हुई है।

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