ED Raid: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने 19 और 20 सितंबर को हिमाचल प्रदेश और दिल्ली में बड़ी कार्रवाई करते हुए दिल्ली बेस्ड इंपीरियल ग्रुप के चेयरमैन मनविंदर सिंह, उनकी पत्नी सगरी सिंह और उनके सहयोगियों के छह ठिकानों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई Foreign Exchange Management Act (FEMA), 1999 के प्रावधानों के तहत की गई।
ईडी की जांच में खुलासा हुआ कि मनविंदर सिंह और उनकी पत्नी ने विदेशों में करोड़ों रुपये की बेनामी संपत्तियां और वित्तीय हित छुपा रखे थे। इनमें सिंगापुर, दुबई, ब्रिटिश वर्जिन आइलैंड और थाईलैंड की कंपनियां, बैंक अकाउंट्स और लग्जरी प्रॉपर्टीज शामिल हैं।
जांच में सामने आया कि सिंगापुर की Aerostar Venture Pte Ltd और दुबई की United Aerospace DWC LLC कंपनियों में दोनों की हिस्सेदारी है। दुबई की इस कंपनी के जरिए करोड़ों रुपये के अनसिक्योर्ड लोन, पेमेंट्स और ट्रांजैक्शन्स का जाल रचा गया। इसी कंपनी ने मई 2025 में 7 करोड़ रुपये का Robinson-66 हेलिकॉप्टर खरीदा, जिसे हांगकांग की एक एंटिटी से मिले कर्ज से लिया गया और हिमाचल के Auramah Valley प्रोजेक्ट के लिए भारत लाया गया। जांच में यह भी पता चला कि इस कंपनी के पास 31 मार्च 2025 तक 38 करोड़ रुपये की संपत्ति मौजूद थी।
इसके अलावा, थाईलैंड के कोह समुई में स्थित आलीशान “Villa Samayra” का खुलासा हुआ, जिसकी कीमत करीब 16 करोड़ रुपये है। साथ ही ब्रिटिश वर्जिन आइलैंड्स में कंपनियां और सिंगापुर के बैंक अकाउंट्स भी सामने आए। दस्तावेजों के मुताबिक विदेशों में छिपाए गए इन संपत्तियों और खातों की कुल कीमत 80 करोड़ रुपये से अधिक है।
नालदेहरा (शिमला) स्थित Auramah Valley प्रोजेक्ट में भी ईडी को भारी गड़बड़ियां मिलीं। यहां फ्लैट बेचते समय पेमेंट का बड़ा हिस्सा कैश में वसूला जाता था। ईडी को मिले समानांतर बहीखाते बताते हैं कि अब तक 29 करोड़ रुपये नकद वसूले जा चुके हैं। आशंका है कि यह पैसा हवाला नेटवर्क के जरिए विदेश भेजा गया और फिर वहीं से संपत्तियां खरीदी गईं या फंड्स को घुमा-फिराकर भारत में वापस लाया गया।
छापेमारी में ईडी ने 50 लाख रुपये नकद (जिसमें पुराने 500 के नोट भी शामिल), 14,700 अमेरिकी डॉलर की विदेशी करेंसी, 3 लॉकर और कई अहम दस्तावेज व पासबुक्स बरामद किए हैं। ईडी का कहना है कि इस मामले की जांच अभी जारी है और आगे और भी बड़े खुलासे होने की संभावना है।
