दिल्ली : चुनाव आयोग ने शुक्रवार को देशभर के मीडिया और कम्युनिकेशन अधिकारियों के लिए एक दिवसीय सम्मेलन आयोजित किया। इसमें 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मीडिया नोडल ऑफिसर (MNO), सोशल मीडिया नोडल ऑफिसर (SMNO) और जिला मीडिया नोडल अधिकारी/डीपीआरओ समेत 350 से अधिक अधिकारियों ने हिस्सा लिया। सम्मेलन को मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार, चुनाव आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी ने संबोधित किया।
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा कि हाल ही में पांच राज्यों में संपन्न हुए चुनावों में आजादी के बाद से अभूतपूर्व जनभागीदारी देखने को मिली। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि उनकी ओर से जनता तक पहुंचाई जाने वाली हर जानकारी समय पर, आसान भाषा में और पूरी तरह तथ्यों व कानून पर आधारित होनी चाहिए। चुनाव आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू ने कहा कि संवाद का उद्देश्य सिर्फ जानकारी देना नहीं, बल्कि उसका प्रभाव सुनिश्चित करना होना चाहिए। वहीं चुनाव आयुक्त डॉ. विवेक जोशी ने कहा कि आयोग के नियम, दिशा-निर्देश और पहल आम लोगों तक सरल और स्पष्ट रूप में पहुंचाने में मीडिया अधिकारियों की अहम भूमिका है।
सम्मेलन में चुनाव प्रक्रिया के पूरे चक्र-मतदाता सूची से लेकर मतदान तक की संचार रणनीति पर चर्चा हुई। इसके अलावा ECINET, संवैधानिक प्रावधानों, चुनावी कानूनों और हाल के सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के मीडिया पर प्रभाव को भी विस्तार से समझाया गया। सत्रों में प्रेस नोट तैयार करने, मीडिया और सोशल मीडिया के जरिए उन्हें प्रभावी ढंग से प्रसारित करने, फेक न्यूज और भ्रामक नैरेटिव से निपटने, वोटर अवेयरनेस कार्यक्रमों के जरिए युवा मतदाताओं को जोड़ने और चुनाव आयोग की पहलों को आम जनता तक पहुंचाने पर भी व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया।
हाल ही में चुनाव करा चुके राज्यों के अधिकारियों ने अपने अनुभव साझा किए और बेहतर कार्यप्रणालियों की जानकारी दी। सम्मेलन का समापन मुख्य चुनाव आयुक्त की अध्यक्षता में आयोजित प्रश्नोत्तर सत्र के साथ हुआ जिसमें प्रतिभागियों ने चुनावी संचार से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर सवाल पूछे।
