Rajnath Singh : अरुणाचल प्रदेश के कई स्थानों के नाम बदले जाने पर रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने चीन को दो टूक सुनाई है। अरुणाचल प्रदेश ईस्ट के नमसाई में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए राजनाथ सिंह ने चीन की आलोचना करते हुए कहा कि भारत के भी ऐसा ही करने से परिणामस्वरूप क्या पड़ोसी देश के वे इलाके हमारे क्षेत्र का हिस्सा बन जाएंगे।
राजनाथ सिंह ने कहा, अरुणाचल प्रदेश भारत का अभिन्न अंग है और चीन द्वारा अरुणाचल के 30 स्थानों के नाम बदलने से जमीनी हकीकत नहीं बदलेगी। उन्होंने कहा, मैं चीन से पूछना चाहता हूं कि यदि हम पड़ोसी देश के विभिन्न राज्यों के नाम बदल दें तो क्या वे हमारे क्षेत्र का हिस्से होंगे? ऐसी हरकतों से भारत और चीन के रिश्ते खराब होंगे।
स्वाभिमान को चोट पहुंचाई तो मिलेगा मुंहतोड़ जवाब
इस दौरान रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने चीन को चेतावनी भी दी। उन्होंने कहा, हम अपने सभी पड़ोसियों के साथ अच्छे संबंध बनाए रखना चाहते हैं। लेकिन अगर कोई हमारे स्वाभिमान को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करेगा तो भारत मुंहतोड़ जवाब देने की क्षमता रखता है। बता दें, भारत ने इस महीने की शुरुआत में चीन द्वारा अरुणाचल प्रदेश में कुछ स्थानों का नाम बदलने को मूर्खतापूर्ण बताते हुए सिरे से खारिज कर दिया था और कहा था कि खोजे गये नाम देने से इस वास्तविकता में कोई बदलाव नहीं आएगा कि राज्य भारत का अभिन्न अंग है, और सदैव रहेगा।
क्या है मामला?
दरअसल, चीन ने कुछ दिन पहले अरुणाचल प्रदेश के कुछ स्थानों के भौगोलिक नामों की एक सूची जारी की थी। चीन ने 30 स्थानों का नाम बदला था, जिनमें 12 पहाड़, चार नदियां, एक झील, एक दर्रा और 11 आवासीय क्षेत्र व एक जमीन का टुकड़ा शामिल है। भारत ने इस सूची को सिरे से खारिज कर दिया था। चीन ने इस तरह की हरकत पहली बार नहीं की है। इससे पहले 2023 में चीन ने 11 स्थानों, 2021 में 15 स्थानों की इसी तरह की सूची जारी की थी।
