प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शुक्रवार को छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के कार्यालय में तैनात उप सचिव स्तर की अधिकारी सौम्या चौरसिया को गिरफ्तार कर लिया है। राज्य में कथित कोयला ढुलाई घोटाले में धन शोधन की जांच के संबंध में यह गिरफ्तारी की गई है।
राज्य की शक्तिशाली नौकरशाह मानी जाने वाली चौरसिया को संघीय एजेंसी द्वारा पूछताछ के बाद धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) की आपराधिक धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तारी के बाद सौम्या चौरसिया को स्वास्थ्य जांच के लिए ले जाया गया। इससे पहले ईडी ने अक्टूबर में भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के अधिकारी समीर विश्नोई और दो अन्य लोगों को मामले में कई छापे मारने के बाद गिरफ्तार किया था। वहीं सौम्या की इस गिरफ्तारी से पहले उनके आवास पर भी छापा मारा जा चुका है।
ईडी द्वारा आयकर विभाग की एक शिकायत का संज्ञान लेने के बाद शुरू की गई धन शोधन की जांच एक बड़े घोटाले से संबंधित है। आरोप है कि इसमें वरिष्ठ नौकरशाहों, व्यवसायी, नेता और बिचौलिए के गठजोड़ द्वारा छत्तीसगढ़ में ढुलाई किए गए प्रत्येक टन कोयले से 25 रुपये की अवैध उगाही की गई है।
वहीं इस गिरफ्तारी के बाद एक बार फिर से राज्य बनाम केंद्र की लड़ाई छिड़ जाने की आशंका है। पहले ही बघेल सरकार, केंद्र पर जांच एजेंसियों के दुरुपयोग करने का आरोप लगती रही है। मुख्यमंत्री बघेल ने पिछले हफ्ते पत्रकारों से बातचीत में ईडी पर अपना हमला तेज करते हुए जांच एजेंसी पर अपनी हद पार करने और राज्य में लोगों के साथ अमानवीय व्यवहार करने का आरोप लगाया था।
