Big Breaking: पुलिस सूत्रों ने मंगलवार को छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा-बीजापुर सीमा पर जंगल में मुठभेड़ के दौरान 9 नक्सलियों के मारे जाने की पुष्टि की है। पुलिस का कहना है कि नक्सलियों के पास से स्वचालित हथियार बरामद किए गए हैं। दंतेवाड़ा के एसपी गौरव राय ने कहा कि नक्सलियों के पास से बड़ी संख्या में एसएलआर राइफल, .303 राइफल और .315 बोर राइफल (SLR/.303 Rifle/.315 Bore Rifle) बरामद की गई हैं। ऑपरेशन में शामिल सभी सुरक्षा बल के जवान सुरक्षित बताए जा रहे हैं। इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी है। ऑपरेशन पूरा होने के बाद विस्तृत रिपोर्ट जारी की जाएगी। खबर लिखे जाने तक ये जानकारी सामने आई कि दंतेवाड़ा-बीजापुर के बॉर्डर पर फिलहाल सर्च ऑपरेशन जारी है।
सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़
इससे पहले आज दंतेवाड़ा और बीजापुर जिलों के सीमावर्ती इलाके में पश्चिम बस्तर संभाग के माओवादियों की मौजूदगी की सूचना मिलने पर एक संयुक्त पुलिस दल सर्च ऑपरेशन पर निकला था। मंगलवार सुबह 10:30 बजे पुलिस, सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ शुरू हुई। इस बीच, पिछले हफ्ते 29 अगस्त को नारायणपुर के अबूझमाड़ के घने जंगलों में सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में तीन महिला नक्सली मारी गईं उनकी पहचान उत्तर बस्तर डिवीजन कमेटी और पीएलजीए कंपनी नंबर 5 के सदस्यों के रूप में की गई है।
संयुक्त टीम ने इस ऑपरेशन में लिया था हिस्सा
जिला रिजर्व गार्ड (डीआरजी), स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) और सीमा सुरक्षा बल की संयुक्त टीम ने इस ऑपरेशन में हिस्सा लिया था। अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, मौके से 303 राइफल और 315 बोर की बंदूक समेत भारी मात्रा में हथियार और नक्सली सामग्री बरामद की गई है।
अमित शाह ने पिछले महीने दिया था ये आश्वासन
24 अगस्त को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आश्वासन दिया था कि सरकार मार्च 2026 तक देश को नक्सलवाद से मुक्त करने में सक्षम होगी। शाह छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, छत्तीसगढ़ और पड़ोसी राज्यों के मुख्य सचिवों और पुलिस महानिदेशकों के साथ क्षेत्र में वामपंथी उग्रवाद को लेकर एक अंतर-राज्यीय समन्वय बैठक में हिस्सा ले रहे थे। केंद्रीय गृह मंत्री ने नक्सल उग्रवाद के खिलाफ उठाए गए कदमों और वामपंथी उग्रवाद से प्रभावित नौ राज्यों के भीतर रेड कॉरिडोर के रूप में जाने जाने वाले क्षेत्रों में बुनियादी ढांचा परियोजनाओं की प्रगति का आकलन किया।
