Asaduddin Owaisi: असम भाजपा के एक वीडियो पर ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के मुखिया असदुद्दीन ओवैसी ने नाराजगी जाहिर की है। औवैसी ने बुधवार को असम भाजपा के इस वीडियो का हवाला देते हुए कहा कि इसमें ऐसा दिखाया गया है कि यह राज्य मुस्लिम बहुल है, जबकि वास्तव में ऐसा नहीं है। उन्होंने कहा कि यह महज वोट के लिए डराने की बात नहीं है बल्कि हिंदुत्व की विचारधारा का यह विद्रूप चेहरा है। भारत में मुस्लिमों को होना भाजपा के लिए एक समस्या है।
मुसलमानों का अस्तित्व ही समस्या है-ओवैसी
X पर अपने पोस्ट में ओवैसी ने कहा कि 'बीजेपी असम ने एक घृणित एआई वीडियो पोस्ट किया है, जिसमें दिखाया गया है कि अगर बीजेपी न होती तो असम मुस्लिम-बहुल राज्य बन गया होता। वे सिर्फ वोटों के लिए डर फैलाने की कोशिश नहीं कर रहे हैं, बल्कि यह असली रूप में हिंदुत्व की नफरती विचारधारा है। उनके लिए भारत में मुसलमानों का अस्तित्व ही समस्या है, उनका सपना है मुस्लिम-मुक्त भारत। इस तरह की लगातार शिकायतों के अलावा, उनके पास भारत के लिए कोई दृष्टि नहीं है।'
वीडियो में मुस्लिम बहुलता दिखाई
असम भाजपा ने अपने एआई वीडियो में दावा किया है कि यदि राज्य में उसकी सरकार नहीं रहेगी तो यह प्रदेश मुस्लिम बहुल हो जाएगा। इस एआई वीडियो में असम के अलग-अलग हस्सों के दृश्य दिखाए गए हैं जिसमें मुस्लिमों को बहुलता से दिखाया गया है। भाजपा का कहना है कि वह असम को मुस्लिम बहुल नहीं होने देगी।
2041 में हिंदुओं के बराबर हो जाएंगे मुस्लिम-सरमा
बीते जुलाई महीने में मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने एक बड़ा बयान दिया। सरमा ने कहा है कि राज्य में 2041 तक मुस्लिमों की आबादी हिंदुओं के बराबर हो जाएगी। सरमा ने दावा किया है राज्य में बड़ा डेमोग्राफिक शिफ्ट होगा। सरमा ने बुधवार को राज्य के असुरक्षित क्षेत्रों में रहने वाले मूल निवासियों को आत्मरक्षा के लिए हथियार लाइसेंस जारी करने की घोषणा की है। सीएम ने कहा कि यह कदम सीमा पार से आने वाले खतरों और अल्पसंख्यक समुदायों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लिया गया है। उन्होंने कहा कि आवेदन पोर्टल 1 से 7 अगस्त तक खुला रहेगा।
