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Ayodhya Deepotsav 2024: रामनगरी अयोध्या में 25 लाख से अधिक दीए जलाने की तैयारी, बनेगा विश्व रिकार्ड

Ayodhya Deepotsav 2024: भगवान राम की नगरी अयोध्या में दीपोत्सव में विश्व कीर्तिमान बनाने के लिए तैयारियों को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया में जी लायी जा रही है, 55 घाटों पर दीप प्रज्वलन के जरिए दिखेगी दिव्य आभा, 90 हजार लीटर तेल का इस्तेमाल होगा।

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अयोध्या में 25 लाख से अधिक दीए जलाने की तैयारी की जा रही है

KEY HIGHLIGHTS
  1. रामनगरी अयोध्या में छोटी दीपावली पर 55 घाटों पर 25 लाख से अधिक दीए प्रज्ज्वलित होंगे
  2. डा. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय ने 30 हजार स्वयंसेवकों को लगाने की तैयारी की है
  3. जिनकी मदद से सातवीं बार गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड में अयोध्या धाम का नाम दर्ज होगा

Ayodhya Deepotsav 2024: अयोध्या में प्रभु रामलला के नव मंदिर में विराजित होने के बाद पहली दीपावली बेहद भव्य और दिव्य होने जा रही है। सीएम योगी के कुशल मार्गदर्शन में में सकल विश्व में एक यूनीक इवेंट के तौर पर अपनी पहचान बना चुके अयोध्या के दीपोत्सव कार्यक्रम में इस बार भी नया विश्व रिकॉर्ड कायम करने की तैयारी है। रामनगरी में छोटी दीपावली पर 55 घाटों पर 25 लाख से अधिक दीए प्रज्ज्वलित होंगे जिसकी अगुआई खुद डा. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. प्रतिभा गोयल कर रही हैं।

उनके अतिरिक्त, विश्वविद्यालय प्रशासन ने 30 हजार स्वयंसेवकों को लगाने की तैयारी की है, जिनकी मदद से सातवीं बार गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड में अयोध्या धाम का नाम दर्ज होगा। खास बात ये है कि 25 लाख दीए जलाने का लक्ष्य हासिल करने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा 28 लाख दीए बिछाये जाएंगे।

दीपोत्सव की तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मंशा के अनुरूप प्रभु श्रीराम की प्राण प्रतिष्ठा के बाद का पहला दीपोत्सव ऐतिहासिक बनाया जायेगा। आठवें दीपोत्सव को भव्य बनाने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन ने कमर कस ली है। दीपोत्सव की तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है।

दीपोत्सव में सहभागिता के लिए पंजीकरण की तिथि विस्तारित कर दी है। अब 15 अक्टूबर तक सहभागिता हेतु पंजीकरण कर सकेंगे। इसके अतिरिक्त स्वयंसेवकों के दीपोत्सव आईकार्ड को भी अंतिम रूप दिया जा रहा है। 20 अक्टूबर से स्वयंसेवकों को आईकार्ड का वितरण शुरू कर दिया जायेगा।

जल्द ही शुरू होगा घाटों की मार्किंग का कार्य

दीपोत्सव की तैयारियों को लेकर नोडल समन्वयक प्रो. एसएस मिश्र ने बताया कि राम पैड़ी के 55 घाटों पर उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा दिए गए 25 लाख दीए प्रज्ज्वलित किए जाने के लक्ष्य को लेकर 28 लाख दीए बिछाये जायेंगे, जिसके लिए 30 हजार स्वयंसेवक तैनात किए जायेंगे। विश्वविद्यालय परिसर सहित 14 महाविद्यालय, 37 इण्टर कालेज, 40 एनजीओ शामिल है। विश्वविद्यालय द्वारा मैपिंग का कार्य शुरू कर दिया गया है। 17 या 18 अक्टूबर से घाटों पर कर्मियों द्वारा मार्किंग का कार्य होगा।

90 हजार लीटर तेल का होगा इस्तेमाल

योजना के अनुसार, राम की पैड़ी के सभी घाटों पर 16 गुणे 16 ब्लॉक में 30 एमएल दीए में 30 एमएल सरसों का तेल पड़ेगा। सभी दीयों में कुल मिलाकर 90 हजार लीटर सरसों के तेल लगेगा जिसके इंतेजाम के लिए जिला प्रशासन के सहयोग से पूरा किया जा रहा है।

दीपोत्सव में सहभागिता के लिए पंजीकरण का कार्य 15 अक्टूबर तक होगा पूरा

दीपोत्सव में सहभागिता के लिए पंजीकरण का कार्य 15 अक्टूबर तक पूरा कर लिया जायेगा। 20 अक्टूबर से स्वयंसेवकों का आईकार्ड का वितरण शुरू कर दिया जायेगा। 26 अक्टूबर से घाटों पर दीए की खेप पहुंचनी शुरू हो जायेगी। 27 अक्टूबर से स्वयंसेवकों द्वारा घाटों पर दीए बिछाने के साथ 30 अक्टूबर को दीए प्रज्ज्वलित करके विश्व रिकार्ड बनायेंगे। मीडिया प्रभारी डा. विजयेन्दु चतुर्वेदी ने बताया कि जिला प्रशासन व विश्वविद्यालय के सहयोग से दीपोत्सव को एतिहासिक बनाने के लिए कार्यो को अंतिम रूप दिया जा रहा है।

Ravi Vaish
रवि वैश्यauthor

रवि वैश्य टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर कार्यरत एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें पत्रकारिता में 20 वर्षों का व्यापक अनुभव हासिल है। खबरों की बारीकियों को समझने और तेजी से प्रस्तुत करने में उनकी विशेष दक्षता है। टीवी पत्रकारिता में रिपोर्टिंग और डेस्क—दोनों क्षेत्रों में अनुभव होने के कारण वे समाचारों को बहुआयामी दृष्टिकोण से देखते हैं। देश–दुनिया की ताजातरीन अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज, एक्सप्लेनर और विशेष स्टोरीज तैयार करने में वे सिद्धहस्त हैं। उनकी प्राथमिकता हमेशा यही रही है कि हर खबर तेज, सटीक और जानकारीपूर्ण रूप में पाठकों तक पहुंचे। रवि वैश्य अब तक 22,000 से अधिक खबरें लिख चुके हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, इंटरव्यू, ग्राउंड रिपोर्ट्स, विश्लेषण और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

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