ईद पर गोवंश या प्रतिबंधित जानवर की ना हो कुर्बानी, एक जगह पर एकत्र ना हों 50 से अधिक लोग: योगी

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jul 19, 2021, 04:51 PM IST

Eid ul adha 2021: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपनी टीम-9 के साथ बैठक में अधिकारियों को कई निर्देश दिए। योगी ने कहा कि बकरीद पर्व के दृष्टिगत सभी आवश्यक प्रबंध किए जाएं।

ईद पर गोवंश या प्रतिबंधित जानवर की ना हो कुर्बानी, एक जगह पर एकत्र ना हों 50 से अधिक लोग: योगी

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने बकरीद के मौके पर कोविड के खतरे के खतरे को देखते हुए सख्त निर्देश जारी किए हैं। सीएम योगी ने निर्देश दिया है कि कोरोना वायरस के खतरे के मद्देनजर किसी भी जगह पर ईद के दिन 50 से अधिक लोग एकत्र ना हों। उन्होनें अधिकारियों को दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करवाने को कहा है। बकरीद का त्योहार 21 जुलाई को मनाया जाएगा।

ना हो प्रतिबंधित जानवरों की बलि
इसके अलावा सीएम ने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा है कि कहीं पर भी गोवंश, ऊंट या अन्य किसी प्रतिबंधित जानवर की कुर्बानी ना हो। आदेश के मुताबिक यदि कहीं पर ऐसा होता हुआ पाया जाता है तो उसके खिलाफ कानून के हिसाब से सख्त कार्रवाई की जाएगी।  सीएम की तरफ से जारी आदेश में साफ कहा गया है कि कुर्बानी सार्वजनिक स्थलों पर नहीं की जाएगी बल्कि चिह्नित या निजी परिसरों का उपयोग इसके लिए किया जाएगा। सीएम योगी ने कहा कि इस दौरान स्वच्छता विशेष ध्यान रखा जाए।

इमाम ईदगाह मौलाना खालि‍द रशीद फरंगी महली ने लोगों से प्रतिबंधित जानवरों की कुर्बानी न करने की भी अपील की है। मौलाना ने कुर्बानी के फोटो सोशल मीडिया पर न डालने को कहा है। मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने लोगों से घरों में नमाज अदा करने को कहा है।

21 जुलाई को है ईद
आपको बता दें कि इस बार बकरीद 21 जुलाई को है। दरअसल मुस्लिम धर्म में दो मुख्य त्योहार मनाए जाते हैं -ईद-उल-अजहा और ईद-उल फितर। ईद-उल-अजहा बकरीद को कहा जाता है। मुस्लिम धर्म में यह त्योहार कुबार्नी के पर्व के रूप में मनाया जाता है। इस्लाम में इस पर्व का विशेष महत्व है, लेकिन कोरोना वायरस का असर इस त्योहार पर भी पड़ा है जिस वजह से लोगों में पहले जैसा उत्साह नहीं देखा जा रहा है।

End of Article