अक्षय तृतीया, ईंद से पहले हटेंगे अवैध लाउडस्पीकर, यूपी सरकार का बड़ा फैसला

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Apr 26, 2022, 10:51 AM IST

UP Government on Loudspeakers: उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य में लाउडस्पीकर के इस्तेमाल पर नए आदेश जारी कर दिए हैं। इसके अनुसार धार्मिक स्थलों से अवैध लाउडस्पीकर 30 अप्रैल तक हटाने को कहा गया है।

अक्षय तृतीया, ईंद से पहले हटेंगे अवैध लाउडस्पीकर, यूपी सरकार का बड़ा फैसला
Photo Credit: BCCL

UP Government on Loudspeakers: उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य में लाउडस्पीकर के इस्तेमाल पर बड़ा फैसला किया है। नए आदेश के अनुसार धार्मिक स्थलों से अवैध लाउडस्पीकर 30 अप्रैल तक हटाने को कहा गया है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने सोमवार को बताया कि इस संबंध में 30 अप्रैल तक कार्यवाही की रिपोर्ट मांगी गई है। अपर मुख्य सचिव (गृह) अवनीश अवस्थी ने बताया कि राज्य में धार्मिक स्थलों से अवैध लाउडस्पीकर हटाने का आदेश शनिवार को जारी किया गया था।  इस संबंध में सभी जिलों से 30 अप्रैल तक  रिपोर्ट मांगी गई है। अवस्थी क अनुसार इस संबंध में पुलिस को कहा गया है कि धार्मिक नेताओं के साथ संवाद स्थापित कर और उनके साथ समन्वय करके अवैध लाउडस्पीकर को हटाया जाय।

अब तक 125 लाउडस्पीकर हटे

इस बीच सोमवार को अपर पुलिस महानिदेशक (कानून-व्यवस्था) प्रशांत कुमार ने  बताया कि अब तक 125 अवैध लाउडस्पीकरों को उतरवा लिया गया है । जबकि 17 हजार लोगों ने अपनी इच्छा से लाउडस्पीकर की आवाज को धीमा कर दिया है। इसके पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने  ईद और अक्षय तृतीया और आने वाले कई अन्य महत्वपूर्ण धार्मिक त्योहारों को देखते हुए निर्देश दिए थे कि त्योहारों के दौरान माइक का प्रयोग किया जा सकता है, लेकिन यह सुनिश्चित किया जाय कि माइक की आवाज उस परिसर से बाहर नहीं जाए।

3 मई को ईद और अक्षय  तृतीया

इस बार अक्षय तृतीया और ईद के त्यौहार एक ही दिन (3 मई) को मनाए जाएंगे। इस द्वारा पुलिस की तैयारियों पर प्रशांत कुमार ने कहा है कि  31 हजार स्थलों पर अलविदा जुमा की नमाज (रमजान के महीने का आखिरी शुक्रवार) अदा की जाएगी। उन्होंने कहा कि संवेदनशील जिलों के लिए खास इंतजाम किए गए हैं और पीएसी और केंद्रीय सशस्त्र अर्धसैनिक बलों सहित अतिरिक्त बलों को तैनात किया गया है। साथ ही शांति समितियों की बैठकें भी की गई हैं। जिससे किसी तरह अशांति का माहौल न बनने पाय।

End of Article