Aroosa Parvaiz life threats for not wearing hijab: श्रीनगर के डाउन-टाउन की रहने वाले आरुसा परवेज (aroosa parvez ) ने हाल में 12वीं की बोर्ड परीक्षा में 500 में से 499 अंक प्राप्त कर टॉप किया है, रिजल्ट डिक्लेयर होते ही वो मीडिया की सुर्खियों में जमकर हाईलाइट हुई, सोशल मीडिया पर बधाई संदेश आने लगे लेकिन उनके परिवार की खुशी ज्यादा देर तक नहीं टिक पाईं और इसे लेकर नया विवाद खड़ा हो गया।
ये बात वहां के कट्टरपंथियों को हजम नहीं हुई और उसकी वेशभूषा और उसके सिर पर दुपट्टा न होने का मुद्दा बनाते हुए इसे मजहबी रंग देने का प्रयास किया, बताते हैं कि उन्होंने इसे लेकर आरुसा परवेज को जान से मारने की धमकियां भी दे डालीं।
कट्टरपंथियों ने सोशल मीडिया पर बिना हिजाब वाली उसकी तस्वीर देखी थी तो उन्होंने इंटरनेट मीडिया पर उसके खिलाफ दुष्प्रचार भी शुरू कर दिया।
"अच्छा मुस्लिम साबित होने के लिए हिजाब पहनना जरूरी नहीं"
वहीं ट्रोल्स के निशाने पर आईं आरुसा परवेज ने इस सबक को लेकर करारा जवाब देते हुए कहा है कि अच्छा मुस्लिम साबित होने के लिए हिजाब पहनने की जरूरत नहीं है, उन्होंने कहा कि उन्हें अल्लाह में विश्वास है वे इस्लाम का पालन करती हैं लेकिन अच्छा मुस्लिम साबित होने के लिए हिजाब पहनना जरूरी नहीं है।

