जैश-ए-मोहम्मद ने नागपुर स्थित संघ मुख्यालय और हेडगेवार भवन की रेकी की, बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jan 7, 2022, 07:52 PM IST

आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद इस बार नागपुर स्थित संघ मुख्यालय को निशाना बनाने की कोशिश में जुटा है। खबर के मुताबिक जैश के कुछ आतंकियों ने कुछ दिन पहले संघ मुख्यालय की रेकी भी की थी।

जैश-ए-मोहम्मद ने नागपुर स्थित संघ मुख्यालय और हेडगेवार भवन की रेकी की, बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था

नई दिल्ली :  नागपुर से एक बड़ी खबर ,नागपुर में राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ यानी RSS की  जैश-ए-मोहम्मद के कुछ आतंकियों ने रेकी की है और यहां की तस्वीरें भी ली गयी है,जिसके बाद नागपुर मुख्यालय और रेशमबाग स्थित हेडगेवार भवन की सुरक्षा बढ़ा दी गयी है, संघ मुख्यालय वो जगह है जहां सरसंघचालक मोहन भागवत रहते हैं, इसके साथ ही कई संघ के पदाधिकारी भी यही रहते हैं, जिस वजह से जैश-ए-मोहम्मद के आतंकियों ने यहाँ रेकी की है।

पुलिस कमिश्नर ने कही ये बात

ये बात खुद नागपुर के पुलिस कमिश्नर अमितेश कुमार ने बताई है। नागपुर के कमिश्नर अमितेश कुमार ने बताया है की कुछ दिनों पहले नागपुर में  जैश-ए-मोहम्मद के कुछ लोग आये थे और कई महत्वपूर्ण ठिकानो की उन्होंने रेकी की है ,जिसके बाद इन ठिकानो की सुरक्षा बढ़ा दी गयी है। हालांकि मामला संवेदनशील होने की वजह से पुलिस कमिश्नर ने अधिक जानकारी देने से साफ़ मना कर दिया है।

श्रीनगर से आए थे नागपुर

अन्य पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जैश-ए-मोहम्मद के आतंकियों ने नागपुर के महल स्थित आरएसएस मुख्यालय और रेशमबाग़ स्थित हेडगेवार भवन की रेकी की है ,ये आतंकी 1 महीने पहले श्रीनगर से नागपुर आये थे और कुछ दिन नागपुर में रुके भी थे ,इसकी भनक नागपुर क्राइम ब्रांच को लगी जिसके बाद उन्हें तलाश करने के लिए टीम भी बनायीं गयी और मामला दर्ज भी किया है 

आपको बता दें कि जम्मू कश्मीर पुलिस ने बृहस्पिवार को श्रीनगर शहर में आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ करते हुये चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि  आतंकवादियों की पहचान पुलवामा जिले के रहने वाले सुहैल कादिर खांडे और सुहैल मुश्ताक वाजा के रूप में हुई है। उनके पास से दो पिस्तौल, दो मैगजीन और पिस्तौल के 30 कातूस मौके से बरामद किये गये हैं । प्रवक्ता ने कहा कि दोनों लश्कर ए तैयबा और जैश ए मोहम्मद आतंकवादी संगठनों से संबद्ध हैं।

End of Article