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राम मंदिर दान चोरी: न्यायिक हिरासत में जेल भेजे गए आठों आरोपी; 7 के पास से 79 लाख से ज्यादा बरामद, SBI कर्मी भी शामिल

राम मंदिर दान चोरी मामले में गिरफ्तारी के बाद सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। वहीं सामने आया है कि इन आठों आरोपियों में से 7 के पास से 79 लाख से ज्यादा की बरामदगी की गई है। इन लोगों में पांच से छह SBI कर्मी भी शामिल हैं।

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राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामला।

अयोध्या के राममंदिर चढ़ावा चोरी मामले में इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आई है। मामले में गिरफ्तार सभी आठों आरोपियों को अदालत ने न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। मामले में अब सोमवार को पेशी होगी। जहां फिर इन सबको पेश किया जाएगा।

इससे पहले,अयोध्या की सीजेएम कोर्ट में प्रॉसिक्यूशन ऑफिसर केसी वर्मा ने अदालती कार्रवाई के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि एफआईआर में नामजद सभी 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर सीजेएम कोर्ट में पेश किया गया था। जहां से उन्हें सोमवार तक के लिए रिमांड पर भेजा गया है। अब उन्हें सोमवार को फिर से कोर्ट में पेश किया जाएगा। अब उन्हें ज्यूडिशियल कस्टडी में रखा गया है।

उन्होंने यह भी बताया कि भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (Prevention of Corruption Act) से जुड़ी स्पेशल कोर्ट आज नहीं बैठी थी। चूंकि आज मुहर्रम की छुट्टी के कारण कामकाज का दिन नहीं था, इसलिए आरोपियों को सोमवार तक की रिमांड दी गई है। साथ ही केसी वर्मा ने यह भी बताया कि गिरफ्तार लोगों में सुभाष को छोड़कर कुल मिलाकर 79,85,493 रुपये बरामद किए गए हैं। सुभाष से कुछ भी बरामद नहीं हुआ,हालांकि वह साजिश में शामिल था। बाकियों से अलग-अलग रकम बरामद की गई।

भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम क्यों लगा?

इस मामले में सबसे अहम बात यह है कि आरोपियों के खिलाफ 'प्रिवेंशन ऑफ करप्शन एक्ट'लगाया गया है। इस बारे में अभियोजन अधिकारी के.सी.वर्मा ने इसका कारण स्पष्ट करते हुए बताया कि गिरफ्तार किए गए 8 आरोपियों में 'लोक सेवक'(Public Servants) भी शामिल हैं। इन आरोपियों में लगभग 5 से 6 लोग भारतीय स्टेट बैंक (SBI)के कर्मचारी हैं। चूंकि ये बैंक कर्मी सरकार द्वारा वेतन प्राप्त करते हैं और लोक सेवक की श्रेणी में आते हैं, इसलिए इन पर यह अधिनियम लगाया गया है।

इससे एक दिन पहले गुरुवार को इनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज होने के बाद हुई। वहीं, आरोपों से घिरे श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास के महासचिव चंपत राय और ट्रस्ट के सदस्य अनिल मिश्रा ने भी इस्तीफा दे दिया। बता दें कि श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास की ओर से दर्ज कराई गई शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज हुई है। एफआईआर में चंपत राय का करीबी रमाशंकर यादव उर्फ टिन्नू और अन्य सात लोग नामजद हैं।

Shiv Shukla
शिव शुक्लाauthor

शिव शुक्ला टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में कार्यरत एक अनुभवी न्यूज राइटर हैं। छह वर्षों के पेशेवर अनुभव के साथ वे डिजिटल पत्रकारिता में तेज, सटीक और प्रभावी कंटेंट तैयार करने के लिए पहचाने जाते हैं। वह राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय खबरों, राजनीतिक घटनाक्रमों और गहन विश्लेषण पर विशेष पकड़ रखते हैं। ब्रेकिंग न्यूज कवरेज, लाइव ब्लॉग, एक्सप्लेनर और एनालिसिस आर्टिकल तैयार करने में उन्हें विशेषज्ञता हासिल है। शिव शुक्ला 8,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट प्रकाशित कर चुके हैं। मजबूत न्यूज सेंस, विश्लेषण क्षमता और स्पष्ट लेखन शैली उनकी खासियत है। उन्हें नए स्थानों की यात्रा करना और किताबें पढ़ने का शौक है, जो उनकी लेखन शैली एवं दृष्टिकोण को और समृद्ध बनाता है।

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