Pasmanda Muslims: भोपाल में पसमांदा मुसलमानों को लेकर पीएम मोदी के बयान के बाद राजनीति शुरू हो गई है। पीएम मोदी ने पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए बयान दिया था कि उनके ही धर्म के एक वर्ग ने पसमांदा मुसलमानों का शोषण किया है। यह बयान पीएम मोदी ने समान नागरिक संहिता (UCC) के समर्थन में दिया था।
इसके बाद ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने पसमांदा मुसलमानों को लेकर पीएम मोदी और कांग्रेस पार्टी पर निशाना साधा है। ट्विटर पर प्रतिक्रिया देते हुए ओवैसी ने कहा, नरेंद्र मोदी पूरे देश के प्रधानमंत्री हैं, फिर उन्होंने अल्पसंख्यक कल्याण का बजट 40 फीसदी क्यों कम कर दिया। दरअसल, पीएम मोदी ने कहा था कि वोट बैंक की राजनीति करने वालों ने पसमांदा मुसलमानों का जीना मुहाल कर दिया है। वे तबाह हो गए हैं, उनको कोई लाभ नहीं मिला है। पसमांदा को आज भी बराबरी का हक नहीं मिलता है।
भाजपा ने दलित मुस्लिम के आरक्षण का विरोध किया
ट्विटर पर प्रतिक्रिया देते हुए ओवैसी ने लिखा, पीएम मोदी ने कहा है कि मुसलमानों का एक वर्ग पसमांदा मुसलमानों को आगे नहीं बढ़ने दे रहा है। जबकि, सच्चाई यह है कि सभी मुस्लिम गरीब हैं। ऊंची जाति के मुसलमान तो ओबीसी हिंदुओं से भी गरीब हैं। उन्होंने आगे कहा, उनकी ही सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में दलित मुस्लिम के आरक्षण का विरोध किया। क्यों भाजपा ने पिछले मुस्लिमों के आरक्षण का विरोध किया, क्या वे इस सामाजिक अन्याय का दोष भी यूसीसी पर डोलेंगे?
कांग्रेस पर भी साधा निशाना
इस दौरान ओवैसी ने कांग्रेस व अन्य दलों पर भी निशाना साधा। ओवैसी ने ट्वीटों श्रृंखला में आगे लिखा, कांग्रेस और दूसरी सामाजिक न्याय वाली पार्टियां हमें बताएं कि क्या हमें हमारा उचित हिस्सा मिलेगा। या फिर हम इस बात पर ही खुश रहें कि आपके नेता ने इफ्तार में सिर पर टोपी पहनी थी।
