हेल्थ

सिर्फ हार्ट नहीं, किडनी से लेकर लिवर के लिए भी खतरनाक हैं ये कुकिंग ऑयल, किचन से आज ही निकाल फेंके बाहर

Bad Cooking Oil For Health In Hindi:सिर्फ स्वाद और बजट देखकर कुकिंग ऑयल का चुनाव करना आपकी सेहत के लिए खतरनाक हो सकता है। अनजाने में सस्ते के चक्कर में हम ऐसे कुकिंग ऑयल ले आते हैं, जो स्वास्थ्य के लिए बड़ा खतरना साबित हो सकते हैं। अगर आप चाहते हैं कि दिल, लिवर और किडनी सब ठीक से काम करें, तो आज से ही इन खतरनाक तेलों से दूरी बना लें। यहां जानें इनके बारे मे....

Image

Bad Cooking Oil For Health In Hindi

Bad Cooking Oil For Health In Hindi: हम में से ज्यादातर लोग खाना बनाते वक्त यह नहीं सोचते कि जिस तेल में हम रोज खाना पका रहे हैं, वो धीरे-धीरे हमारे शरीर के अंदर जहर घोल सकता है। आमतौर पर चर्चा सिर्फ हार्ट हेल्थ तक सीमित रहती है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि कुछ कुकिंग ऑयल्स ऐसे भी हैं जो आपके लीवर और किडनी को भी खराब कर सकते हैं? इन अंगों पर असर दिखने में वक्त जरूर लगता है, लेकिन जब तक हमें पता चलता है, तब तक नुकसान हो चुका होता है। आइए जानते हैं ऐसे तेलों के बारे में, जिन्हें आज ही रसोई से बाहर का रास्ता दिखा देना चाहिए।

कौन सा तेल सेहत के लिए सबसे खतरनाक है - Which Is The Most Unhealthy Cooking Oil In Hindi

वनस्पति घी

बहुत से लोग वनस्पति घी को देसी घी का सस्ता विकल्प मानकर इस्तेमाल करते हैं, लेकिन यह सच्चाई से कोसों दूर है। वनस्पति घी में ट्रांस फैट्स भरे होते हैं, जो शरीर के अंदर सूजन बढ़ाते हैं। इससे न सिर्फ दिल, बल्कि किडनी और लिवर को भी नुकसान पहुंचता है। रोजमर्रा की डाइट में इसका इस्तेमाल आपके अंगों को धीरे-धीरे काम करना बंद करवा सकता है।

पाम ऑयल

पाम ऑयल होटल, रेस्टोरेंट और प्रोसेस्ड फूड में बहुत ज्यादा इस्तेमाल होता है, क्योंकि यह सस्ता पड़ता है। लेकिन इसमें सैचुरेटेड फैट की मात्रा बहुत ज्यादा होती है, जो शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल बढ़ा देता है। इसके लगातार सेवन से लिवर फैटी हो सकता है और किडनी पर ज्यादा काम का दबाव पड़ने लगता है।

कनौला ऑयल

कनौला ऑयल को हेल्दी बताकर खूब प्रचार किया गया है, लेकिन इसकी प्रोसेसिंग के दौरान इतने केमिकल्स डाले जाते हैं कि इसके अंदर की पौष्टिकता खत्म हो जाती है। ये केमिकल्स लिवर को सबसे पहले टारगेट करते हैं और धीरे-धीरे शरीर को डिटॉक्स करने की नेचुरल क्षमता को कम कर देते हैं।

कॉर्न ऑयल

कॉर्न ऑयल में ओमेगा-6 फैटी एसिड बहुत ज्यादा होता है। जब ओमेगा-6 और ओमेगा-3 का बैलेंस बिगड़ता है, तो शरीर में सूजन की समस्या शुरू हो जाती है। इससे किडनी पर असर पड़ता है और लिवर में फैट जमा होना शुरू हो सकता है। यह तेल प्रोसेस्ड फूड में छिपा होता है, इसलिए सावधान रहें।

सोयाबीन ऑयल

सोयाबीन तेल कई घरों में रोजमर्रा के इस्तेमाल में आता है, लेकिन इसमें मौजूद हाई लेवल ओमेगा-6 फैट शरीर के हार्मोन को गड़बड़ कर सकता है। यह न सिर्फ डाइजेशन पर असर डालता है, बल्कि लिवर में सूजन और किडनी के काम में रुकावट पैदा कर सकता है।

डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।

Vineet
विनीतauthor

विनीत टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में हेल्थ डेस्क के साथ बतौर चीफ कॉपी एडिटर जुड़े हैं। दिल्ली के रहने वाले विनीत को हेल्थ, फिटनेस और न्यूट्रिशन जैसे विषयों पर गहरी समझ है। इन्होंने हेल्थ, फिटनेस, न्यूट्रिशन और सप्लीमेंट के फील्ड में प्रोफेशनल सर्टिफिकेशन भी किए हैं। वे 6 साल से इस फील्ड से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर 7,000 से अधिक लेख लिख चुके हैं। विनीत की खासियत उनकी रिसर्च-बेस्ड लेखन शैली और जनहित को ध्यान में रखते हुए लिखी गई जानकारीपूर्ण स्टोरीज हैं।

और पढ़ें
End of Article