Sudden sleeping jerks: क्या आपके साथ भी कभी ऐसा हुआ है कि नींद आने ही वाली हो और अचानक ऐसा लगे जैसे आप कहीं से गिर रहे हों? उसी पल पूरा शरीर झटके से हिल जाए और आपकी नींद खुल जाए। पहली बार ऐसा होने पर कई लोग घबरा जाते हैं और सोचते हैं कि कहीं यह किसी गंभीर बीमारी का संकेत तो नहीं। लेकिन ज्यादातर मामलों में ऐसा होना सामान्य माना जाता है। हेल्थ इन्फ्लुएंसर, हार्मोन और गट हेल्थ डाइटिशियन मनप्रीत कालरा के मुताबिक इसे हाइपनिक जर्क (Hypnic Jerk) कहा जाता है। यह शरीर में होने वाली एक सामान्य प्रक्रिया है, जिसे कुछ आसान आदतों में बदलाव करके काफी हद तक कम किया जा सकता है।
क्या होता है हाइपनिक जर्क
मनप्रीत कालरा बताती हैं कि हाइपनिक जर्क एक ऐसा अचानक होने वाला मांसपेशियों का झटका है, जो उस समय आता है जब हमारा शरीर जागने की स्थिति से नींद की ओर बढ़ रहा होता है। इस दौरान कई लोगों को ऐसा महसूस होता है जैसे वे अचानक नीचे गिर रहे हों और शरीर खुद-ब-खुद झटके से प्रतिक्रिया देता है।
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इसके पीछे क्या है वैज्ञानिक वजह
जब हम सोने लगते हैं तो शरीर की मांसपेशियां धीरे-धीरे ढीली होने लगती हैं और नर्वस सिस्टम भी आराम की अवस्था में पहुंचने लगता है। कुछ लोगों में दिमाग इस बदलाव को गलती से गिरने जैसा संकेत समझ लेता है। ऐसे में वह शरीर को बचाने के लिए अचानक एक तेज संकेत भेजता है, जिससे पूरा शरीर झटके से हिल जाता है और व्यक्ति की आंख खुल सकती है।
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किन वजहों से बढ़ सकती है यह समस्या
डाइटिशियन मनप्रीत कालरा के अनुसार ज्यादा तनाव, देर तक मोबाइल या लैपटॉप चलाना, शाम के बाद कैफीन वाली चीजें पीना और शरीर में मैग्नीशियम व कैल्शियम की कमी होने पर हाइपनिक जर्क बार-बार महसूस हो सकता है। इसलिए केवल नींद ही नहीं, बल्कि पूरे दिन की लाइफस्टाइल भी इसमें अहम भूमिका निभाती है।
इन आदतों से मिल सकती है राहत
अगर यह समस्या बार-बार हो रही है तो रात में भीगे हुए बादाम, कद्दू के बीज, सूरजमुखी के बीज और तिल जैसी मैग्नीशियम व कैल्शियम से भरपूर चीजों को अपनी डाइट में शामिल किया जा सकता है। साथ ही शाम 4 बजे के बाद चाय, कॉफी या अन्य कैफीन वाले पेय लेने से बचें, क्योंकि कैफीन कई घंटों तक शरीर को सक्रिय रखती है और नर्वस सिस्टम को ज्यादा उत्तेजित कर सकती है।
सप्लीमेंट लेने से पहले एक्सपर्ट की सलाह जरूरी
मनप्रीत कालरा के अनुसार कुछ लोगों में जरूरत के अनुसार मैग्नीशियम और कैल्शियम सप्लीमेंट भी फायदेमंद हो सकते हैं। हालांकि किसी भी सप्लीमेंट की शुरुआत अपनी मर्जी से नहीं करनी चाहिए। पहले डॉक्टर या योग्य डाइटिशियन से सलाह लें। सही खानपान, कम तनाव और अच्छी स्लीप रूटीन अपनाने से रात की नींद ज्यादा शांत और बेहतर हो सकती है।
