हेल्थ

Heatwave alert India: एक्सपर्ट से जानिए क्या है लू या हीट वेव और यह कैसे आपके शरीर पर प्रभाव डालती है?

  • Authored by: प्रणव मिश्र
  • Updated Mar 17, 2023, 04:48 PM IST

Heatwave in India: आइए एक्सपर्ट से जानते हैं क‍ि क्‍या होता है हीटवेव और कैसे ये शरीर को प्रभावित करता है? और कैसे क‍िन तरीकों से आप हीटवेव से बच सकते हैं-

Image

हीट वेव बेहद गर्म मौसम की अवधि है जो आमतौर पर दो या अधिक दिनों तक चलती है।

Heatwave alert India: भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने मंगलवार को आने वाले समय में मौसम को लेकर बड़ी जानकारी दी है। IMD ने एक उच्च स्तरीय बैठक के बाद बताया कि इस साल मार्च के अंतिम सप्ताह में सिंधु-गंगा के मैदान और पूर्वी भारत के कुछ हिस्सों में सामान्य से अधिक गर्मी और सामान्य तापमान से दो से तीन डिग्री सेल्सियस अधिक तापमान रहने की संभावना है।

बता दें कि जैसे ही सूरज तपता है भारत के बड़े हिस्से में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ जाता है, घर से बाहर कदम रखना भारी लगता है। राजस्थान, दिल्ली और उत्तर प्रदेश सहित कई क्षेत्रों में अधिकतम तापमान के साथ मार्च की शुरुआत से ही देश भर में भीषण गर्मी का कहर जारी है। उत्तर पश्चिम भारत में पिछले सप्ताह मार्च के बाद से तापमान सामान्य से अधिक दर्ज किया गया। आइए जानते हैं कि हीटवेव क्या है और यह शरीर को कैसे प्रभावित करती है?

हीट वेव क्‍या होता है ? | What is heat wave?

आईएमडी (India Meteorological Department) का कहना है कि गर्मी की लहर तब होती है जब किसी स्थान का तापमान मैदानी इलाकों में 40 डिग्री सेल्सियस, तटीय इलाकों में 37 डिग्री सेल्सियस और पहाड़ी इलाकों में 30 डिग्री सेल्सियस के पार हो जाता है। मौसम एजेंसी हीट वेव की घोषणा तब करती है जब कोई स्थान किसी विशेष दिन में उस क्षेत्र के सामान्य तापमान से 4.5 से 6.4 डिग्री सेल्सियस अधिक रिकॉर्ड करता है।

आईएमडी हीट वेव घोषित करने के लिए एक अन्य पैरामीटर का भी उपयोग करता है, जो पूरी तरह से रिकॉर्ड किए गए तापमान पर आधारित होता है। तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार जाने पर विभाग हीट वेव घोषित करता है। जब यह 47 डिग्री को पार कर जाता है, तो 'गंभीर' हीट वेव घोषित किया जाता है। इसके अलावा यदि तापमान सामान्य से 6.4 डिग्री सेल्सियस अधिक है, तो आईएमडी इसे 'गंभीर' हीट वेव घोषित करता है।

किन राज्यों में हीट वेव चलता है ? | In which states heat wave runs?

भारत के मौसम विज्ञान विभाग द्वारा हीट वेव को कई जोन में बांटा गया है। भारत में लू यानि हीट वेव आमतौर पर मार्च से जून के दौरान उत्तर पश्चिमी भारत के मैदानी इलाकों, मध्य, पूर्व और उत्तर पनिन्सलर यानि कि प्रायद्वीपीय क्षेत्र में होती है। इसमें पश्चिम बंगाल, ओडिशा, मध्य प्रदेश, राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड और कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के कुछ हिस्से शामिल हैं। कई बार लू का प्रकोप तमिलनाडु और केरल में भी दिखाई पड़ता है। पहाड़ी क्षेत्रों में लू नहीं चलती थी, लेकिन कुछ समय से इन राज्यों में भी लू ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है।

हीट वेव से स्वास्थ्य पर क्या असर पड़ता है? | What are the health effects of heat wave?

टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल से बातचीत में CHC टोड़ाभीम, करौली राजस्थान के सीनियर मेडिकल ऑफ़िसर डॉक्टर लोकेश मीणा ने बताया कि हीट वेव मनुष्य और जानवर दोनों के स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाती हैं। हीटवेव का शिकार व्यक्ति कमजोरी, थकान, डिहाइड्रेट, चक्कर आना, सिरदर्द, मतली, उल्टी, मांसपेशियों में ऐंठन महूसस करता है। हीट स्ट्रोक मानसिक तनाव का कारण बन सकती है। हीट स्ट्रोक के लक्षणों में गर्मी के कारण शरीर में अकड़न, सूजन, बेहोशी और बुखार भी शामिल हो सकते हैं। यदि शरीर का तापमान 40 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक है तो दौरे पड़ सकते हैं या व्यक्ति कोमा में भी जा सकता है।

खुद को सुरक्षित रखने के ल‍िए क्‍या करें? | Heat wave: Do's & Dont's

डॉक्टर लोकेश ने बताया, "इस दौरान ऐसे खाद्य पदार्थों का सेवन करना चाहिए जिनमें पानी की मात्रा अधिक हो और शरीर में तरल पदार्थ, नमक का संतुलन बनाए रखने के लिए पानी पीना चाहिए। इसके अलावा ढीले-ढाले कपड़े पहनें और धूप में कम निकलें। इस दौरान यात्रा और व्यायाम सीमित करना चाहिए। यदि कोई व्यक्ति हीट स्ट्रोक से परेशान हो तो उसे तुरंत ठंडे स्थान पर ले जाकर लिटा दें और पीने के लिए भरपूर मात्रा में पानी या तरल पदार्थ दिए जाने चाहिए।"

प्रणव मिश्र
प्रणव मिश्रauthor

मीडिया में पिछले 5 वर्षों से कार्यरत हैं। इस दौरान इन्होंने मुख्य रूप से टीवी प्रोग्राम के लिए रिसर्च, रिपोर्टिंग और डिजिटल प्लेटफॉर्म के लिए काम किया है। इससे पहले जनसत्ता, लोकसभा टीवी/संसद टीवी, पेबेल मीडिया नेटवर्क, टाइम 8, डीडी न्यूज़ के लिए काम कर चुके हैं। इस समय टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में स्पेशल करेस्पोंडेंट के पद पर कार्यरत हैं।

और पढ़ें
End of Article