FDA New Guidelines: मार्केट में आज कल कई पैक्ड फूड आइटम्स मिलते हैं। हर मॉल या दुकानों में आपको पैक्ड फूड आइटम्स मिल जाएंगे, जिन्हें आप कभी भी खोलकर यूज कर सकते हैं। हालांकि ये सेहत के लिए हेल्दी होती हैं या नहीं, ये सवाल लगातार चर्चा का मुद्दा बना हुआ है। और आज ये सवाल इसलिए और भी जरूरी है क्योंकि कई पैकेज्ड फूड आइटम्स इस बात का दावा करती हैं कि, कैसे उनके सेवन से आपकी सेहत को कोई नुकसान नहीं होगा।
यूं तो इन पैकेट्स पर लिखा होता है कि, इनमें इतनी मात्रा में शक्कर है, इतनी मात्रा में प्रोटीन/फैट आदि है। लेकिन कई बार ये खाद्य पदार्थ इस्तेमाल किए जाने वाले हानिकारक चीजों की आधिकारिक सीमाओं को लांघ जाते हैं। खैर स्थिति में सुधार के लिए यूएस की फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) द्वारा दी एक नई परिभाषा के मुताबिक, ऐसे कई फूड आइटम्स हैं जो ‘अनहेल्दी खाने’ की कैटेगरी में आते हैं।
क्या कहती है नई परिभाषा?
FDA द्वारा निर्धारित किए गए नए मानदंडों के मुताबिक, पैकेज्ड फूड्स की श्रेणी में आने वाली लगभग सभी चीजों को अब एक निर्धारित मात्रा में शुगर, फैट और सोडियम का इस्तेमाल करना अनिवार्य होगा। ये मात्रा भोजन और खाद्य समूह के आधार पर तय की गई है। जो पोषण की डेली वैल्यू (DV) के एक प्रतिशत पर आधारित होगी।
ऐसे में अगर आप कोई 230 मिलीग्राम वाली चीज बेच रहे हैं, तो उसमें सोडियम की डेली वैल्यू 10 प्रतिशत होगी। अब अगर हम इस बात को ये उदाहरण के माध्यम से समझने की कोशिश करेंगे, तो शायद बात आसानी से समझ आ जाए। हम उदाहरण किसी एक अनाज का ले सकते हैं, जिसे अधिकतर लोग ब्रेकफास्ट या खाने में लेना पसंद करते हैं। तो एक सीरियल (cereal) के पैकेट में ¾ औंस साबुत अनाज होना चाहिए, 1 ग्राम से अधिक सैचुरेटेड फैट, 230 मिलीग्राम से ज्यादा सोडियम और 2.5 ग्राम से ज्यादा एडेड शुगर बिलकुल नहीं होना चाहिए। और अगर कोई फूड आइटम इस तय मात्रा या मानदंड को पार करती है। तो उसे अनहेल्दी खाने की श्रेणी में गिना जाएगा।
क्यों ये कदम उठाना था जरूरी?
FDA द्वारा ये कदम एक बहुत ही महत्वपूर्ण वादे को सुनिश्चित करने हेतु उठाया गया है। जिसके तहत एजेंसी का ये फर्ज बनता है कि जनता तक न्यूट्रिशन वाला खाना पहुंचे। दरअसल दुनिया में क्रॉनिक बीमारियों का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। बीमारियां जैसे कैंसर, हार्ट अटैक, डायबिटीज, आर्थराइटिस इन बीमारियों की श्रेणी में आती है, जिनके मामलों में लगातार वृद्धि देखी जा रही है। ऐसे में अच्छा डाइटरी पैटर्न फॉलो करना स्वास्थ्य में सुधार ला सकता है। इस मुद्दे पर बात करते हुए एक अधिकारी कहते हैं, “हेल्दी खाना खाने से क्रॉनिक बीमारी होने का रिस्क कम हो जाता है। लेकिन बहुत से लोगों को पता ही नहीं है कि हेल्दी खाना होता क्या है। इसलिए FDA ने उन्हें इस बात की समझ और जानकारी प्रदान करने के लिए ये कदम उठाया है। जिससे स्वास्थ्य में सुधार आएगा, लोग कम बीमार होंगे और जाने बचेंगी।”
क्या होता है हेल्दी फूड?
अगर आप भी कई बार इस सवाल में उलझ जाते हैं कि, कौन सी चीज हेल्दी खाने की श्रेणी में आएगी और कौन सी नहीं। तो FDA की ये नई गाइडलाइन आपके सवाल का जवाब दे सकती है। इसके मुताबिक पैकेज्ड नट्स, सीड्स, कुछ तरह के तेल, सैलमन जैसी हाई फैट मछलियां और पानी पर ‘हेल्दी’ होने का ठप्पा लगाया जा सकता है। और जिन चीजों पर ये लेबल नहीं लगता है, उन्हें कानूनी तौर पर आपकी सेहत के लिए अच्छा नहीं कहा जा सकता है। और न ही वे किसी विज्ञापन में इस बात का झूठा दावा और प्रचार कर सकते हैं।
