Filmmaker Kamaleshwar Mukhopadhyay: फिल्म निर्माता कमलेश्वर मुखोपाध्याय (Kamaleshwar Mukhopadhyay) और कई अन्य CPI (M) कार्यकर्ताओं को एक विरोध प्रदर्शन के दौरान कोलकाता पुलिस ने हिरासत में ले लिया। वामपंथी पार्टी के बुक स्टॉल पर कथित हमले के बाद यह विरोध प्रदर्शन शुरू हुआ था। हिरासत में लेने के बाद कोलकाता पुलिस द्वारा कमलेश्वर मुखोपाध्याय और अन्य लोगों को लाल बाजार ले जाया गया और बाद में शाम को रिहा कर दिया गया है। बावजूद इसके इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर हाहाकार मच गया है।
यह घटना सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रही है। फिल्म निर्माता कमलेश्वर मुखोपाध्याय को हिरासत में लिए जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर तूफान खड़ा कर दिया है। टॉलीवुड फिल्म इंडस्ट्री के कई लोगों ने फिल्म निर्माता व हिरासत में लिए गए अन्य लोगों का समर्थन किया है।
Kamaleshwar Mukhopadhyay: टॉलीवुड फिल्म इंडस्ट्री ने किया समर्थन
इस घटना के बाद फिल्म निर्माता श्रीजीत मुखर्जी ने ट्विटर कर अपनी नाराजगी दर्ज की है। उन्होंने लिखा, ‘किताबों से डर रहे हो? किताबों से? डॉ कमलेश्वर मुखर्जी की गिरफ्तारी की निंदा करने के लिए मेरे पास पर्याप्त शब्द नहीं हैं। मैं आपके साथ हूं कमलदा, चाहे कुछ भी हो जाए।’
जिसके साथ ही अभिनेता अबीर चटर्जी ने भी कमलेश्वर मुखोपाध्याय का समर्थन किया। उन्होंने लिखा, "वी लव यू कमल दा और हमें आप पर गर्व है। हम आपके साथ हैं’।
जिसके साथ ही फिल्म निर्माता कौशिक गांगुली ने भी कमलेश्वर का समर्थन किया और कोलकाता पुलिस द्वारा उन्हें हिरासत में लिए जाने की आलोचना की है।
‘क्या यह सरकार पागल हो गई है’
इसके साथ ही रिद्धि सेन ने भी फेसबुक पर लिखा, ‘क्या यह सरकार पागल हो गई है? कमलेश्वर मुखर्जी की गिरफ्तारी शर्मनाक है। एक 'बुक स्टॉल' की लूट के विरोध में समर्थन के लिए गिरफ्तारी करना बेहद शर्मनाक है। कमलेश्वर मुखोपाध्याय की गिरफ्तारी की हम निंदा करते हैं और हम उनके साथ हैं।
इस वजह से हुई गिरफ्तारी
राज्यसभा सांसद विकास रंजन भट्टाचार्य ने बताया कि कमलेश्वर मुखोपाध्याय एक बुक स्टॉल पर हुए हमले और टीएमसी समर्थकों के द्वारा इसे कथित रूप से बंद करने का विरोध कर रहे थे। उन्होंने यह भी बताया कि विरोध के दौरान टीएमसी के कुछ लोगों ने उन पर हमला भी किया था।
जिसके बाद कमलेश्वर मुखोपाध्याय ने बताया कि पुलिस का कहना है कि विरोध एक बिजी सड़क पर किया जा रहा था और दुर्गा पूजा की भीड़ की आवाजाही इससे रुक सकती थी, इसी वजह से विरोध कर रहे लोगों की गिरफ्तारी की गई।
