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अपने ही नेता के खिलाफ प्रचार करेंगे राहुल गांधी? कांग्रेस के लिए सिरदर्द बने पप्पू यादव और पूर्णिया सीट, RJD ने तेजस्वी संग रैली की रखी मांग

Lok Sabha Elections: राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने पूर्णिया(Purnia Lok Sabha) में नई रणनीति तैयार की है। राजद ने कांग्रेस (Congress) के वरिष्ठ नेताओं से आवेदन किया है कि राहुल गांधी (Rahul Gandhi) पप्पू यादव (Pappu Yadav) के खिलाफ पूर्णिया में तेजस्वी के साथ साझ रैली करें। दरअसल, इंडिया गठबंधन के सीट बंटवारे के लिए पूर्णिया सीट राजद के खाते में गई है और बीमा भारती अधिकृत प्रत्याशी हैं।

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पप्पू यादव

Photo : Twitter

Lok Sabha Elections: बिहार की पूर्णिया सीट और पप्पू यादव कांग्रेस के लिए सिरदर्द बनते जा रहे हैं। हाल ही में कांग्रेसी हुए पप्पू यादव ने पहले तो राजद के हिस्से वाली पूर्णिया सीट पर निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर नामांकन दाखिल किया। जबकि, राजद ने यहां से बीमा भारती को मैदान में उतारा था। संभावना जताई जा रही थी कि पप्पू यादव नॉमिनेशन के आखिरी दिन अपना नाम वापस ले लेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।

अब राष्ट्रीय जनता दल ने पूर्णिया में नई रणनीति तैयार की है। राजद ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं से आवेदन किया है कि राहुल गांधी पप्पू यादव के खिलाफ पूर्णिया में तेजस्वी के साथ साझ रैली करें। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या राहुल गांधी अपने ही नेता के खिलाफ रैली करने के लिए तैयार होते हैं या नहीं...

आरजेडी ने दिया प्रपोजल

सूत्रों का दावा है कि आरजेडी ने कांग्रेस को प्रपोज़ल दिया है कि इंडिया एलायंस की साझा रैली पूर्णिया में की जाए, जिसमे राहुल गांधी भी शामिल हों। बता दें, बिहार में सीट शेयरिंग में कांग्रेस लगातार कोशिश कर रही थी कि पूर्णिया सीट कांग्रेस को मिले, लेकिन बातचीत की अंतिम चर्चा तक भी ऐसा न हो सका। इसके बाद जदयू से आरजेडी शामिल हुई बीमा भारती को आरजेडी ने पूर्णिया सीट से उम्मीदवार बनाया। बीमा भारती अब इंडिया एलायंस की अधिकृत उम्मीदवार हैं।

पप्पू यादव को मधेपुरा सीट ऑफर कर रही थी राजद

बता दें, कांग्रेस पप्पू यादव के लिए लगातार पूर्णिया सीट की मांग कर रही थी। हालांकि, राजद ने इससे इंकार कर दिया, जिसके बाद पप्पू यादव कांग्रेस में शामिल हो गए और अपनी पार्टी का विलय भी कांग्रेस में कर दिया। जानकारी के मुताबिक, कांग्रेस में विलय से पहले लालू यादव ने पप्पू यादव को मधेपुरा से लड़ने का ऑफर दिया था, लेकिन उन्होंने इसे नहीं स्वीकारा।

पप्पू यादव पर कार्रवाई करने से क्यों बच रही कांग्रेस?

टाइम्स नाउ नवभारत से सूत्रों ने बताया कि पप्पू यादव पर अनुशासनात्मक करवाई करने की बात पार्टी के अंदर कुछ नेता कर रहे हैं। उनका कहना है कि पप्पू यादव पूर्णिया से उम्मीदवारी करके गठबंधन धर्म का पालन नहीं कर रहे हैं। हालांकि, पप्पू यादव ने अपनी पार्टी का विलय तो कांग्रेस में किया था बल्कि खुद कांग्रेस पार्टी की सदस्यता नही ली है, इसके लिए पप्पू यादव को बिहार कांग्रेस कार्यालय सदाक़त आश्रम में जाकर पार्टी की फ़ॉर्मिलिटी करना होता जो उन्होंने अभी तक नही किया है।

रंजीता झा
रंजीता झाauthor

13 साल के राजनीतिक पत्रकारिता के अनुभव में मैंने राज्य की राजधानियों से लेकर देश की राजधानी तक सियासी हलचल को करीब से देखा है। प्लांट की गई बातें ख़बरें नहीं होती बल्कि बातों के पीछे छुपी सच्चाई असली ख़बर होती है। खबरें वही जो आपके सरोकार की हो वो आपतक लेकर आऊंगी।

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