एजुकेशन

रोजाना 15 घंटे पढ़कर बिहार बोर्ड 10वीं टॉपर बनीं पुष्पांजलि कुमारी, बड़े होकर क्या बनेंगी?

Bihar School Examination Board द्वारा आज 29 मार्च को 10वीं (मैट्रिक) परीक्षा 2026 का रिजल्ट जारी कर दिया गया है। परिणाम में पुष्पांजलि कुमारी और सबरीन परवीन दोनों ने संयुक्त रूप से पहला स्थान हासिल किया है। इस बार भी Simultala Awasiya Vidyalaya के छात्रों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी पहचान बनाए रखी है।

Image

bseb 10th out topper success story

Bihar School Examination Board द्वारा आज 29 मार्च को 10वीं (मैट्रिक) परीक्षा 2026 का रिजल्ट जारी कर दिया गया है। परिणाम में पुष्पांजलि कुमारी और सबरीन परवीन दोनों ने संयुक्त रूप से पहला स्थान हासिल किया है। इस बार भी Simultala Awasiya Vidyalaya के छात्रों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी पहचान बनाए रखी है। इस लेख में टॉपर पुष्पांजलि कुमारी पर खास फोकस किया गया है, जिन्होंने कड़ी मेहनत, अनुशासन और आत्मविश्वास से इतिहास रचा है।

रोजाना कितने घंटे पढ़ती थीं पुष्पांजलि

पुष्पांजलि की सफलता के पीछे उनकी कड़ी मेहनत और अनुशासन बड़ा कारण है। उन्होंने एक मीडिया हाउस को बताया कि इस मुकाम तक पहुंचने के लिए वह रोजाना लगभग 15 घंटे पढ़ाई करती थीं। खास बात यह है कि उन्होंने किसी भी कोचिंग का सहारा नहीं लिया, बल्कि स्कूल और घर पर सेल्फ स्टडी के जरिए तैयारी की। जिन विषयों में उन्हें कमजोरी महसूस होती थी, उन पर उन्होंने अतिरिक्त समय दिया और पूरे साल लगातार पढ़ाई जारी रखी।

पिता को दिया श्रेय

उनकी इस सफलता में उनके पिता का अहम योगदान रहा है। बचपन से ही उनके पिता ने उन्हें पढ़ाया और मार्गदर्शन दिया। यहां तक कि स्कूल की छुट्टियों में भी वे घर आकर अपने पिता से ही पढ़ाई करती थीं। परिवार के सहयोग और मार्गदर्शन ने उनके आत्मविश्वास को मजबूत बनाया।

सालभर की कड़ी मेहनत रंग लाई, परिवार और जिले में खुशी का माहौल

रिजल्ट आने के बाद परिवार में खुशी का माहौल है। माता-पिता के साथ-साथ रिश्तेदार और परिचित भी इस उपलब्धि पर गर्व महसूस कर रहे हैं। पुष्पांजलि ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा कि यह सफलता उनके लिए बेहद खास है और इसके लिए उन्होंने पूरे साल लगातार मेहनत की।

विज्ञान विषय से करनी है आगे की पढ़ाई, बनना है वैज्ञानिक

भविष्य की योजनाओं को लेकर उन्होंने बताया कि वह आगे विज्ञान विषय से पढ़ाई करना चाहती हैं और उनका लक्ष्य एक वैज्ञानिक बनना है। उनका मानना है कि सही दिशा में की गई मेहनत से कोई भी सपना पूरा किया जा सकता है।

अगर कुल परिणाम की बात करें, तो इस वर्ष बिहार बोर्ड 10वीं परीक्षा का पास प्रतिशत 81.79% रहा, जो पिछले कुछ वर्षों की तुलना में थोड़ा कम है। इस परीक्षा में लाखों छात्रों ने भाग लिया, जिनमें से बड़ी संख्या में विद्यार्थी सफल हुए।

81.79 फीसदी गया रिजल्ट

इस वर्ष 81.79 फीसदी विद्यार्थी पास हुए हैं। सिमुलतला और वैशाली की छात्राओं ने 500 में से 492 अंक लाकर संयुक्त रूप से टॉप किया। पिछले साल भी 29 मार्च को परिणाम जारी हुआ था।

एक नजर छात्र व छात्राओं पर

  • बिहार बोर्ड 10वीं परीक्षा 2026 के लिए 15 लाख 10 हजार 928 छात्रों ने नामांकन कराया थ।
  • बिहार बोर्ड 10वीं परीक्षा 2026 जारी हो गया है, इसमें कुल मिलाकर 12 लाख 35 हजार 747 छात्र पास हुए हैं।
  • बिहार बोर्ड 10वीं परीक्षा 2026 में छात्रों के पास होने की संख्या 6 लाख एक हजार 690 है।
  • बिहार बोर्ड 10वीं परीक्षा 2026 में छात्राओं के पास होने की संख्या 6 लाख 34 हजार 353 है।

पुष्पांजलि कुमारी की यह उपलब्धि उन सभी छात्रों के लिए प्रेरणा है, जो सीमित संसाधनों के बावजूद बड़े सपने देखने और उन्हें पूरा करने का साहस रखते हैं।

Neelaksh Singh
नीलाक्ष सिंह author

नीलाक्ष सिंह 2021 से टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल से जुड़े हैं और एजुकेशन सेक्शन के लिए कंटेंट लिखते हैं। लखनऊ विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई क... और देखें

End of Article