Sitamarhi Hooch Tragedy: बिहार में कहने को तो शराब बंदी है, शराब पर प्रतिबंध है, लेकिन आए दिन शराब की खेप पकड़ाती रहती है, जहरीली शराब से मौतें होती रहती हैं। नीतीश सरकार और पुलिस हर घटना के बाद कार्रवाई करने की बात कहते हैं, लेकिन उस कार्रवाई का असर होता नहीं दिख रहा है। शनिवार को खबर आई कि बिहार में एक बार फिर से जहरीली शराब पीने से कई लोगों की मौत हो गई।
सीतीमढ़ी की घटना
घटना बिहार के सीतामढी जिले की है। जहां तीन गांवों में कथित तौर पर जहरीली शराब पीने से छह लोगों की मौत हो गई। मृतकों की पहचान सोलोमन टोला गांव के विक्रम कुमार और राम बाबू, नरहर गांव के रौशन कुमार और संतोष महतो तथा बाजपट्टी थाने के नरहर कलां गांव के महेश यादव और अवधेश यादव के रूप में हुई है।
क्या बोली पुलिस
जिला एसपी मनोज तिवारी ने कहा- "हमें पता चला कि दो शवों का उनके परिवार के सदस्यों ने अंतिम संस्कार कर दिया है, जबकि हम एक शव को बरामद करने में कामयाब रहे और पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही उनकी मौत का सही कारण पता चल सकेगा। हमने लापरवाही के लिए एक पुलिस कर्मी और एक चौकीदार को निलंबित कर दिया है।"
परिजनों ने साधी चुप्पी
सूत्रों ने बताया कि मृतकों ने गुरुवार की शाम महुआइन गांव में जहरीली शराब पी थी। शुक्रवार को उनकी तबीयत बिगड़ने लगी। परिवार के सदस्यों ने उन्हें विभिन्न स्थानीय अस्पतालों में भर्ती कराया जहां उनकी मृत्यु हो गई। इस घटना के बाद से मृतक के परिजन चुप्पी साधे हुए हैं।
