West Bengal: पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के डायमंड हारबर क्षेत्र में इन दिनों एक बेहद हैरान करने वाली और अनोखी तस्वीर सोशल मीडिया से लेकर सियासत तक सुर्खियां बटोर रही है। इलाके में कभी धाक रखने वाले और तृणमूल कांग्रेस (TMC) के चर्चित नेता जहांगीर खान उर्फ ‘पुष्पा’ को पुलिस लगातार तीसरी बार शॉर्ट्स (हाफ पैंट) और टी-शर्ट में उन्हीं के प्रभाव वाले इलाके में घुमाती नजर आई। कल रविवार को हुए इस मार्च के दौरान 'पुष्पा' के नाम से मशहूर यह नेता स्थानीय लोगों से हाथ जोड़कर और कान पकड़कर माफी मांगते हुए भी दिखाई दिए। गुरुवार के बाद रविवार को भी पश्चिम बंगाल के फाल्टा इलाके में भारी सुरक्षा बलों की मौजूदगी के बीच पुलिस जहांगीर खान को लेकर घटनास्थलों की शिनाख्त के लिए पहुंची थी।
चुनावी हिंसा और जबरन वसूली से जुड़े हैं तार
41 वर्षीय जहांगीर खान पर आरोप है कि वह वर्ष 2021 में पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के बाद हुई हिंसा, जबरन वसूली और कई अन्य अवैध गतिविधियों में मुख्य रूप से शामिल थे। जांच एजेंसियां इस समय जहांगीर खान को रिमांड पर लेकर उन कथित अपराधों की कड़ियों को आपस में जोड़ने का प्रयास कर रही हैं।
पुलिस की टीम उन ठिकानों और गुप्त स्थानों की पहचान करने में जुटी है, जहां जबरन वसूली और सिंडिकेट राज के जरिए कमाई गई बेनामी और अवैध संपत्तियों को छिपाकर रखा गया हो सकता है। इसी सिलसिले में पुलिस कस्टडी के दौरान उन्हें फाल्टा के अलग-अलग गांवों और चौराहों पर ले जाया जा रहा है।
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नेपाल सीमा से हुए थे गिरफ्तार, चारों तरफ तैनात हैं केंद्रीय बल
जहांगीर खान पुलिस की नजरों से बचकर करीब दो हफ्ते तक फरार चल रहे थे। बीते सोमवार को खुफिया इनपुट के आधार पर सुरक्षा एजेंसियों ने उन्हें भारत-नेपाल सीमा के पास 'पानीटंकी' इलाके से उस वक्त धर दबोचा, जब वे सीमा पार भागने की फिराक में थे। गिरफ्तारी के बाद अदालत ने उन्हें 5 दिनों की पुलिस हिरासत में भेज दिया था।
रविवार और बीते दिनों जब जहांगीर खान को उनके गृह क्षेत्र में मार्च कराया गया, तो जहांगीर के चारों तरफ हेलमेट पहने हुए स्थानीय पुलिसकर्मी मुस्तैद थे। यह सुरक्षा इसलिए भी जरूरी थी क्योंकि उनकी गिरफ्तारी के बाद से ही इलाके के पीड़ित लोगों में काफी गुस्सा देखा जा रहा था।
