Virendra Singh Statement: वाराणसी में समाजवादी पार्टी के सांसद वीरेंद्र सिंह ने पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि बृजभूषण शरण सिंह फिलहाल भारतीय जनता पार्टी में खुद को सहज महसूस नहीं कर रहे हैं। हालांकि, यदि उनके समाजवादी पार्टी में शामिल होने की कोई स्थिति बनती है तो उस पर अंतिम फैसला पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ही करेंगे। वीरेंद्र सिंह ने कहा कि अखिलेश यादव हमेशा बाहुबली और विवादित छवि वाले लोगों को पार्टी में शामिल करने से बचते रहे हैं। उन्होंने 2012 का उदाहरण देते हुए कहा कि उस समय डीपी यादव को लेकर भी मुलायम सिंह यादव की सहमति के बावजूद अखिलेश यादव ने उन्हें पार्टी में प्रवेश नहीं करने दिया था।
गैस सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी लेकर कहा ये
इसके साथ ही वीरेंद्र सिंह ने कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि आने वाले दिनों में घरेलू गैस, डीजल और पेट्रोल के दाम भी बढ़ सकते हैं, जिससे आम जनता पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। उनका कहना था कि भाजपा सरकार की नीतियों से गरीब और मजदूर वर्ग सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहा है। वहीं, कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर को लेकर भी उन्होंने टिप्पणी की। वीरेंद्र सिंह ने कहा कि भाजपा अब उन्हें पूरी तरह स्वीकार नहीं कर रही है, इसलिए वह लगातार बयानबाजी कर अखिलेश यादव का ध्यान अपनी ओर आकर्षित करने की कोशिश कर रहे हैं।
वीरेंद्र सिंह का चुनावी सफर
चंदौली के वीरेंद्र सिंह वाराणसी के चिरईगांव क्षेत्र के निवासी हैं और उनका राजनीतिक सफर कई दलों से होकर गुजरा है। उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत वर्ष 1996 में चिरईगांव विधानसभा सीट से की थी। उस समय उन्होंने कांग्रेस पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ा और जीत दर्ज कर विधानसभा पहुंचे। इसके बाद वर्ष 2003 में हुए उपचुनाव में उन्होंने बहुजन समाज पार्टी के प्रत्याशी के रूप में मैदान में उतरकर फिर से सफलता हासिल की। बाद में उनका बसपा से अलगाव हो गया, जिसके बाद उन्होंने समाजवादी पार्टी का साथ लिया। हालांकि साल 2012 में वह दोबारा कांग्रेस में शामिल हो गए, लेकिन विधानसभा चुनाव के बाद उन्होंने फिर कांग्रेस छोड़ दी। वर्ष 2017 में उन्होंने एक बार फिर बसपा का दामन थामा, लेकिन बाद में समाजवादी पार्टी में वापसी कर ली। लोकसभा चुनाव 2024 में समाजवादी पार्टी ने उन पर भरोसा जताते हुए उन्हें टिकट दिया।
