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दिल्ली पुलिस मुख्यालय में गूंजा ‘वंदे मातरम्’, 150 साल पूरे होने पर हुआ सामूहिक गायन

कार्यक्रम में दिल्ली पुलिस आयुक्त अनुराग कुमार समेत वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और पुलिसकर्मी मौजूद रहे। स्पेशल सीपी लॉ एंड ऑर्डर दिवेश चंद्र श्रीवास्तव, स्पेशल सीपी क्राइम एचजीएस धालीवाल और स्पेशल सीपी स्पेशल सेल अनिल शुक्ला समेत कई वरिष्ठ अधिकारी कार्यक्रम में शामिल हुए।

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दिल्ली पुलिस मुख्यालय में वंदे मातरम्’ का सामूहिक गायन।

Delhi News: ‘हर घर तिरंगा 2026’ अभियान के तहत मंगलवार को दिल्ली पुलिस मुख्यालय के आदर्श ऑडिटोरियम में देशभक्ति से भरा कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ का सामूहिक गायन किया गया। इस साल ‘वंदे मातरम्’ के 150 साल पूरे होने के मौके पर अभियान को खास तौर पर समर्पित किया गया है।

डॉक्यूमेंट्री की स्क्रीनिंग हुई

कार्यक्रम में दिल्ली पुलिस आयुक्त अनुराग कुमार समेत वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और पुलिसकर्मी मौजूद रहे। स्पेशल सीपी लॉ एंड ऑर्डर दिवेश चंद्र श्रीवास्तव, स्पेशल सीपी क्राइम एचजीएस धालीवाल और स्पेशल सीपी स्पेशल सेल अनिल शुक्ला समेत कई वरिष्ठ अधिकारी कार्यक्रम में शामिल हुए। कार्यक्रम की शुरुआत ‘वंदे मातरम्’ के इतिहास और देश के स्वतंत्रता आंदोलन में इसके महत्व पर आधारित डॉक्यूमेंट्री की स्क्रीनिंग से हुई। इसके बाद पुलिस अधिकारियों और जवानों ने एक साथ ‘वंदे मातरम्’ और राष्ट्रगान गाया। सामूहिक गायन के दौरान पुलिस मुख्यालय का माहौल देशभक्ति से भर गया।

पुलिसकर्मियों में मजबूत होगी राष्ट्रीय एकता की भावना

दिल्ली पुलिस के मुताबिक, कार्यक्रम का मकसद पुलिसकर्मियों में देश के प्रति समर्पण, राष्ट्रीय एकता और तिरंगे के प्रति सम्मान की भावना को और मजबूत करना है। ‘हर घर तिरंगा 2026’ के तहत दिल्ली पुलिस के अलग-अलग जिलों और यूनिट में भी ‘वंदे मातरम्’ के सामूहिक गायन समेत कई कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।

‘वंदे मातरम्’ की रचना बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय ने 1875 में की थी। आजादी की लड़ाई के दौरान यह गीत देशभक्ति और मातृभूमि के प्रति समर्पण की भावना का अहम प्रतीक बना और आज भी लोगों में देशप्रेम की भावना जगाता है।

Alok Rao
आलोक कुमार रावauthor

19 वर्षों से मीडिया जगत में सक्रिय आलोक राव ने प्रिंट, न्यूज एजेंसी, टीवी और डिजिटल चारों ही माध्यमों में काम किया है। इस लंबे अनुभव ने उन्हें समाचारों की समझ, प्रेजेंटेशन, डिटेलिंग और न्यूजरूम डायनेमिक्स में असाधारण दक्षता प्रदान की है। राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों में विशेष रुचि रखने के साथ-साथ जियो-पॉलिटिक्स एवं डिफेंस की स्टोरीज में इनकी खासी दिलचस्पी है। आलोक ने अलग-अलग माध्यमों में काम करते हुए समाचारों की समझ, प्रस्तुति और विश्लेषण में मजबूत दक्षता विकसित की है और अब तक 25,000 से अधिक आर्टिकल तैयार कर चुके हैं। तथ्यों की गहन जांच, मजबूत न्यूज सेंस और तेज निर्णय क्षमता उनकी पत्रकारिता की प्रमुख खासियतें हैं।

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