पटना

पटना में भीषण आंधी-तूफान, बारिश से हाल-बेहाल; CM आवास के बाहर गिरा विशालकाय पेड़

बिहार की राजधानी पटना में भीषण आंधी-तूफान और बारिश ने जनजीवन अस्त व्यस्त कर दिया है। आंधी के तेज झोंके से कई बड़े विशालकाय पेड़ गिर गए हैं।

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पटना में आंधी बारिश

पटना : बिहार में पिछले कई दिनों से मौसम का मिजाज बदला हुआ है। पटना में शुक्रवार की शाम अचानक आए तेज आंधी-तूफान और बारिश ने भारी तबाही मचा दी। अचानक बदले मौसम के कारण शहर के कई इलाकों में बड़े-बड़े पेड़ धराशायी हो गए, जिससे मंदिर, वाहन और कई लोग इसकी चपेट में आ गए।

सबसे बड़ा हादसा पटना सिटी के खाजेकलां स्थित दिवान मुहल्ला इलाके में हुआ, जहां करीब 250 साल पुराना विशाल बरगद का पेड़ तेज आंधी में उखड़कर एक प्राचीन शिव मंदिर पर गिर पड़ा। हादसे में मंदिर का एक हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया, जबकि अंदर स्थापित शिवलिंग को भी नुकसान पहुंचा है। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौके पर जुट गए।

वीवीआईपी इलाकों में गिरे पेड़

तेज आंधी का असर वीवीआईपी इलाकों में भी देखने को मिला। मुख्यमंत्री आवास परिसर और उसके बाहर कई बड़े पेड़ गिर गए। वहीं लालू प्रसाद यादव के आवास के बाहर भी दर्जनों पेड़ गिरने से कई गाड़ियां क्षतिग्रस्त हो गईं। बताया जा रहा है कि इस दौरान वहां मौजूद कई सुरक्षाकर्मी बाल-बाल बच गए।

इधर गर्दनीबाग रोड नंबर-3 में भी बड़ा हादसा हुआ, जहां एक विशाल पेड़ सड़क किनारे बैठे लोगों पर गिर पड़ा। हादसे में तीन लोग पेड़ के नीचे दब गए। सूचना मिलते ही पुलिस और राहत टीम मौके पर पहुंची और जेसीबी की मदद से पेड़ हटाने का काम शुरू किया गया। घायलों को बाहर निकालकर इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया।

मौसम विभाग के अनुसार बिहार में अगले कुछ दिनों तक मौसम का मिजाज ऐसा ही बना रह सकता है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने बिहार समेत कई राज्यों में तेज हवा, गरज-चमक और बारिश का अलर्ट जारी किया है। विभाग के मुताबिक 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

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