पटना

Video: ये बिहार है बाबू, यहां ट्रेन को भी धक्का देकर पटरी पर दौड़ा दिया जाता है; जानिए पूरा माजरा

किऊल स्टेशन पर पटना-जसीडीह मेमू में आग लग गई थी। जिसके बाद यात्रियों ने आग को फैलने से रोकने के लिए ट्रेन को धक्का देकर पटरी से अलग कर दिया। रेलवे अधिकारियों ने पुष्टि की है कि आग गुरुवार को लगी थी।

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बिहार के लखीसराय रेलवे स्टेशन पर ट्रेन को धक्का देते हुए लोग (फोटो- वायरल वीडियो स्क्रीनशॉट)

बिहार से अजब-गजब खबरें आती रहती हैं। इस बार जो खबर सामने आई है, उससे रेलवे डिपार्टमेंट भी हिल जाएगा। बिहार में लोगों ने धक्का देकर एक ट्रेन को ही पटरी पर दौड़ा दिया। ट्रेन को धक्का देने का यह वीडियो बिहार के लखीसराय जिले के किऊल रेलवे स्टेशन का है। जहां एक दिन पहले इस ट्रेन के कुछ डिब्बों में आग लग गई थी।

पटना-जसीडीह मेमू में लगी थी आग

किऊल स्टेशन पर पटना-जसीडीह मेमू में आग लग गई थी। जिसके बाद यात्रियों ने आग को फैलने से रोकने के लिए ट्रेन को धक्का देकर पटरी से अलग कर दिया। रेलवे अधिकारियों ने पुष्टि की है कि आग गुरुवार को लगी थी। इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ और आग पर काबू पा लिया गया।

लोगों ने क्यों दिया ट्रेन के धक्का

दरअसल जब आग लगने की खबर मिली तो एक तरफ से उसे बुझाने की कोशिश शुरू की गई और दूसरी ओर रेलवे के कर्मचारी बाकी डिब्बों को बचाने में जुट गए। इसके लिए उन्होंने बाकी डिब्बों अलग कर दिया। जिसके बाद लोगों ने धक्का लगाकार इस ट्रेन को सुरक्षित जगह पहुंचा दिया।

किऊल रेलवे स्टेशन पर लगी थी ट्रेन में आग

पूर्व मध्य रेलवे (ईसीआर) के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (सीपीआरओ) सरस्वती चंद्र ने एक बयान में कहा, "जब पटना से आने वाली ट्रेन किऊल पहुंची, तो कुछ यात्रियों ने शाम 5.24 बजे एक कोच से धुआं निकलता देखा। दमकल गाड़ियों ने आग बुझाई और शाम 7.45 बजे ट्रेन के साथ-साथ अन्य ट्रेनों की आगे की आवाजाही फिर से शुरू हो गई।" अधिकारी ने आगे कहा कि आग के पीछे के कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। ईसीआर के महाप्रबंधक तरुण प्रकाश और अन्य अधिकारियों ने भी स्थिति का जायजा लेने के लिए मौके का दौरा किया।

Shishupal Kumar
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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