Sahebpur Kamal Assembly Election 2025: साहेबपुर कमाल क्षेत्र बेगूसराय जिले में आता है। यह क्षेत्र मुख्य तौर पर कृषि पर आधारित है। यहां लोग रोजगार के लिए कृषि पर निर्भर करते हैं। यहां गेहूं, चावल, मक्का की खेती सबसे अधिक होती है। राजनीतिक तौर पर इस सीट के बारे में बात करें तो यह उन 25 सीटों में से एक है, जहां 2020 में हुए बिहार विधानसभा चुनाव में जेडीयू की हार के लिए एलजेपी को जिम्मेदार ठहराया गया था। 2020 में हुए चुनाव के बाद लोक जनशक्ति पार्टी ने एनडीए से नाता तोड़ लिया था। आइए अब आपको साहेबपुर कमाल सीट के बारे में विस्तार से बताएं।
कब बनी साहेबपुर कमाल विधानसभा सीट
साहेबपुर कमाल सीट बेगूसराय की सात विधानसभा सीटों और बिहार की नवीनतम विधानसभा सीटों में से एक है। यह सीट 2008 में परिसीमन प्रक्रिया के बाद अस्तित्व में आई। इस सीट पर पहली बार चुनाव 2010 में हुए थे, जिसमें जनता दल यूनाइटेड ने जीत हासिल की थी। उसके 2014 में हुए उपचुनाव, 2015 और 2020 में हुए विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय जनता दल ने जीत हासिल की।
कब होगा साहेबपुर कमाल विधानसभा सीट पर चुनाव
साहेबपुर कमाल विधानसभा सीट बेगूसराय जिले में आती है। यहां विधानसभा चुनाव पहले चरण यानी 6 नवंबर को होंगे। 14 नवंबर के मतगणना होगी और रिजल्ट की घोषणा की जाएगी।
साहेबपुर कमाल विधानसभा चुनाव 2025: उम्मीदवारों की लिस्ट
साहेबपुर कमाल सीट से इस बार चुनावी मैदान राष्ट्रीय जनता पार्टी ने 2020 में जीत हासिल करने वाले सतानंद संबुध को उतारा है। उनके साथ चुनावी मैदान में लोक जनशक्ति पार्टी के सुरेंद्र कुमार हैं। यह देखना दिलचस्प होगा की इस चुनाव में जनता किस के सिर जीत का ताज सजाएगी।
साहेबपुर कमाल विधानसभा चुनाव का रिजल्ट
बिहार विधानसभा चुनाव 2020 में साहेबपुर कमाल सीट से राष्ट्रीय जनता दल के सतानंद संबुध ने जेडीयू के शशिकांत कुमार शशि और सुरेंद्र कुमार को हराया था। इस चुनाव में सतानंद संबुध को 64,888 वोट मिले थे। जबकि शशिकांत कुमार को 50,663 वोट और सुरेंद्र कुमार को 22,871 वोट मिले थे।
| उम्मीदवार का नाम | पार्टी का नाम | वोट |
| सतानंद संबुध | राष्ट्रीय जनता दल (RJD) | 64,888 |
| शशिकांत कुमार शशि उर्फ अमर कुमार सिंह | जनता दल यूनाइटेड (JDU) | 50,663 |
| सुरेंद्र कुमार | लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) | 22,871 |
साहेबपुर कमाल विधानसभा सीट पर जातीय समीकरण
2020 में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान यहां रजिस्टर मतदाताओं की संख्या 2,49,426 थी। 2024 में हुए लोकसभा चुनाव के दौरान यह संख्या बढ़कर 2,68,879 हो गई। 2020 के चुनावी आंकड़ों के अनुसार, यहां 16.5 प्रतिशत मुस्लिम मतदाता हैं और 10 प्रतिशत करीब अनुसूचित जाति के मतदाता हैं। यहां भी ग्रामीण मतदाताओं की संख्या शहरी मतदाताओं की तुलना में अधिक है।
