Delhi News: राजधानी दिल्ली में हाल ही में सईदुल अजाब और मालवीय नगर में हुई घटनाओं के बाद प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। अवैध और जर्जर भवनों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में रविवार को दक्षिण दिल्ली के कृष्णा पार्क क्षेत्र में दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने एक बहुमंजिला इमारत पर कार्रवाई करते हुए उसे ध्वस्त कर दिया।
कार्रवाई के दौरान पुलिस और MCD के अधिकारी मौजूद
बताया गया कि भवन में दरारें आने के कारण उसकी संरचना कमजोर हो गई थी, जिससे आसपास के लोगों की सुरक्षा को खतरा हो सकता था। किसी भी संभावित दुर्घटना से बचने के लिए निगम ने एहतियातन यह कदम उठाया। कार्रवाई के दौरान दिल्ली पुलिस और एमसीडी के अधिकारी मौके पर मौजूद रहे। प्रशासन का कहना है कि राजधानी में असुरक्षित और नियमों का उल्लंघन कर बनाए गए भवनों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की कार्रवाई जारी रहेगी, ताकि किसी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
दो हिस्सों के बीच गहरी दरारें
जानकारी के अनुसार, इस बहुमंजिला इमारत पर कार्रवाई इसलिए की गई क्योंकि भवन के दो हिस्सों के बीच गहरी दरारें पड़ गई थीं। इससे इमारत की संरचना कमजोर हो गई थी और वह खतरनाक स्थिति में पहुंच चुकी थी। नगर निगम अधिकारियों का कहना है कि लोगों की सुरक्षा को देखते हुए इस भवन को गिराना जरूरी हो गया था, क्योंकि इसके किसी भी समय ढहने की आशंका थी, जिससे आसपास के मकानों और स्थानीय निवासियों को नुकसान पहुंच सकता था।
सीलिंग और ध्वस्तीकरण अभियान चलाया गया
प्रशासन का कहना है कि राजधानी में ऐसे सभी जर्जर और असुरक्षित भवनों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। सईदुल अजब और मालवीय नगर में हुई घटनाओं के बाद अधिकारी किसी भी तरह की लापरवाही बरतने के मूड में नहीं हैं। इसी कारण संभावित खतरे वाले भवनों को लेकर सख्त कदम उठाए जा रहे हैं। गौरतलब है कि शनिवार को भी दिल्ली नगर निगम और स्पेशल टास्क फोर्स ने दक्षिण दिल्ली के विभिन्न क्षेत्रों में सीलिंग और ध्वस्तीकरण अभियान चलाया था। प्रशासन लगातार निगरानी कर रहा है ताकि भविष्य में मालवीय नगर और सईदुल अजाब जैसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
