Maharashtra Weather Update 4 September (महाराष्ट्र का मौसम 4 सितंबर): महाराष्ट्र में सितंबर की शुरुआत भारी बारिश के साथ हुई थी, लेकिन अब मौसम का मिजाज काफी अनिश्चित हो गया है। राज्य के कई हिस्सों में बारिश की रफ्तार थमी है, तो वहीं कुछ इलाकों में आंधी-तूफान के साथ झमाझम बारिश का नया दौर शुरू हो रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, शुक्रवार (4 सितंबर) को राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम मुख्यतः शुष्क और उमस भरा रहेगा, लेकिन विदर्भ के तीन और उत्तरी महाराष्ट्र के एक जिले में भारी बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की गई है।
इन 4 जिलों में 'येलो अलर्ट' (Vidarbha Rain Alert Today)
मौसम विभाग ने विदर्भ के तीन जिलों, चंद्रपुर, गढ़चिरौली और गोंदिया और उत्तरी महाराष्ट्र के धुले जिले के लिए आज येलो अलर्ट जारी किया है। विदर्भ क्षेत्र के चंद्रपुर, गढ़चिरौली और गोंदिया जिलों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है। इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है। उत्तरी महाराष्ट्र: धुले जिले में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है। प्रशासन ने किसानों और स्थानीय नागरिकों को आकाशीय बिजली और तूफान से सतर्क रहने की सलाह दी है।
कोंकण, मुंबई और पश्चिमी महाराष्ट्र का हाल (Konkan Mumbai Weather Today)
मुंबई और कोंकण: मुंबई शहर और उपनगरों में आमतौर पर बादल छाए रहेंगे, हालांकि दिनभर उमस बनी रहेगी। छिटपुट स्थानों पर हल्की से मध्यम बौछारें गिर सकती हैं। मुंबई में अधिकतम तापमान 30°C और न्यूनतम 26°C रहने की उम्मीद है। पालघर, ठाणे, रायगढ़, रत्नागिरी और सिंधुदुर्ग के लिए कोई विशेष अलर्ट नहीं है, लेकिन तटीय क्षेत्रों में छिटपुट बारिश जारी रहेगी।
पश्चिमी महाराष्ट्र: पुणे, सतारा, कोल्हापुर और सांगली के मैदानी इलाकों में गर्मी और उमस का माहौल रहेगा। हालांकि, मध्य महाराष्ट्र के घाट क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर मध्यम बारिश की संभावना है।
मराठवाड़ा: छत्रपति संभाजीनगर, जालना, परभणी, बीड, नांदेड़ और धाराशिव समेत मराठवाड़ा के सभी जिलों में आज मौसम सामान्य से शुष्क रहेगा। यहां के किसान अभी भी व्यापक और अच्छी बारिश का इंतजार कर रहे हैं।
आगामी दिनों में कैसा रहेगा तापमान और मौसम?
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अगले 4 से 5 दिनों में राज्य के अधिकतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, जिसके बाद तापमान में हल्की वृद्धि दर्ज की जा सकती है। न्यूनतम तापमान भी स्थिर बना रहेगा। 5 सितंबर से राज्य में भारी बारिश की गतिविधियों में और कमी आने का अनुमान है, जिससे केवल विदर्भ और कोंकण के कुछ हिस्सों तक ही सीमित बारिश देखने को मिलेगी।
