Gas Crisis in Maharashtra: एक तरफ जहां आम जनता व्यावसायिक और घरेलू गैस की भारी किल्लत से जूझ रही है, वहीं दूसरी तरफ कालेबाजारी करने वाले मासूमों के हक पर डाका डाल रहे हैं। महाराष्ट्र के छत्रपती संभाजीनगर इलाके में प्रशासन ने एक ऐसी ही बड़ी साजिश का पर्दाफाश किया है।
गैस चोरी का गंदा खेल
मामला महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर के गंगापुर तालुका का है। वैजापुर रोड पर स्थित खोजेवाड़ी शिवार में 'होटल साईयश' के पास गैस चोरी का एक बड़ा खेल चल रहा था। राशनिंग कंट्रोलर चंद्रकांत डांगे को मिली गुप्त सूचना के आधार पर, गणेश बेल्लाळे के मार्गदर्शन में राज्य स्तरीय सतर्कता दल ने यहां छापेमारी की है।
रंगे हाथ पकड़े गए दो आरोपी
छापेमारी के दौरान पता चला कि दो बड़े एलपीजी टैंकरों की सील तोड़कर अवैध तरीके से गैस निकाली जा रही थी। मौके से दो आरोपियों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया।
क्या-क्या हुआ जब्त?
- HP कंपनी के दो बड़े गैस टैंकर (MH 43 K 5921 और MH 43 CK 5747), जिनमें कुल 35,220 किलोग्राम गैस थी।
- 19.2 किलोग्राम के 17 भरे और 6 खाली कमर्शियल सिलेंडर।
- 14.2 किलो और 5 किलो के कई घरेलू सिलेंडर भी जब्त हुए।
प्रशासन द्वारा जब्त किए गए सामान की कुल कीमत लगभग 1.26 करोड़ रुपये आंकी जा रही है। जिनमें गैंस टैकरों, कमर्शियल सिलेंडर और घरेलू सिलेंडर शामिल हैं।
2480 परिवारों का जल सकता था चूल्हा
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि अगर यह गैस सही तरीके से लोगों तक पहुंचती, तो करीब 2480 परिवारों के घरों में चूल्हा जल सकता था। यानी कुछ लोगों के लालच की वजह से हजारों परिवारों का हक छीना जा रहा था। फिलहाल इस मामले में MIDC वाळूज पुलिस स्टेशन में केस दर्ज कर लिया गया है और जांच जारी है। इस कार्रवाई से गैस माफियाओं में हड़कंप मच गया है।
