कानपुर

कानपुर IIT में कबड्डी का ग्राउंड बना कुश्ती का अखाड़ा, दोनों टीमों के बीच जमकर जूतमपैजार

  • Authored by: किशन गुप्ता
  • Updated Oct 9, 2023, 12:29 PM IST

कानपुर आईआईटी में बीते शनिवार को कबड्डी का मैच चल रहा था, जो अचानक देखते ही देखते कुश्ती के अखाड़े में तब्दील हो गया। इस दौरान दोनों टीमों ने एक-दूसरे को जमकर पीटा।

Image

कानपुर आईआईटी में दो टीमों के बीच मारपीट

KEY HIGHLIGHTS

Kanpur IIT News: कानपुर आईआईटी में शनिवार को सालाना स्पोर्टिंग इवेंट में कबड्डी मैच का आयोजन चल रहा है, जो देखते ही देखते कुश्ती में बदल गया। किसी बात को लेकर दोनों टीमों में पहली बहस हुई और फिर दोनों हाथापाई शुरू हो गई। ये लड़ाई इतनी खतरनाक थी कि दोनों टीमों ने वहां रखे कुर्सी से ही पीटना शुरू कर दिया। बताया जा रहा है कि इस दौरान महिला खिलाड़ी भी मौजूद थी, जो यह सब देखकर काफी घबरा गई थी।

बता दें, इस मामले का वीडियो भी सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है। इस वीडियो में खिलाड़ी एक-दूसरे पर लात-घूसे बरसाते हुए नजर आ रहे हैं। इनमें कुछ छात्र एक-दूसरे पर कुर्सियां भी फेंकते नजर आ रहे हैं। जानकारी के मुताबिक दोनों टीम कानपुर के बाहर की थी और मैच के दौरान ही किसी बात को लेकर कहासुनी हुई थी। इस दौरान महिला टीम घबरा गई थी, जिनके इधर-उधर का सीन भी वीडियो में देखा जा सकता है।

दोनों टीम प्रतियोगिता से हुई बाहर

फिलहाल, इन दोनों टीमों को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है। वहीं, इस मामले की शिकायत भी कानपुर पुलिस को नहीं दी गई है। इस पर आधिकारिक तौर पर भी कानपुर आईआईटी ने कुछ नहीं कहा है। हालांकि, दोनों टीमों में किस बात को लेकर झगड़ा हुआ, ये भी क्लियर नहीं है।

किशन गुप्ता
किशन गुप्ताauthor

<p>देश की धार्मिक राजधानी काशी में जन्म लिया और घाटों पर खेल-कूदकर बड़ा हुआ। साल 2019 में महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में मास्टर्स डिग्री ली। यही से पत्रकारिता की शुरुआत भी हुई। इसी साल जुलाई में हैदराबाद स्थित रामोजी रॉव के स्वामित्व वाले ईटीवी भारत से करियर की शुरुआत हुई। बतौर ट्रेनी यहां एक साल से अधिक का समय बिताया। यह पहली दफा था, जब घर से दूर निकला था। लेकिन चस्का था तो काम करने, एक अच्छा पत्रकार बनने का। यहां रहकर चंद्रयान - 2 को कवर करने का मौका मिला। इसके बाद राजस्थान में शिक्षक भर्ती को लेकर उम्मीदवारों की ओर से हुए हिंसक विरोध को भी करीब से देखा। इस दौरान पथराव का भी सामना करना पड़ा। लेकिन काम करने का एक जुनून था। यह पहली दफा था, जब मैंने किसी बड़ी न्यूज को कवर किया था। इसके बाद ये सिलसिला चलता गया। कुछ समय ऐसा भी आया, जब होम पेज भी काम करने को मिला। करीब एक साल से अधिक समय बिताने के बाद ईटीवी भारत से अलविदा लिया और अपने गृह जिले में पहुंचा, जहां के एक लोकल चैनल टूडेज इंडिया न्यूज में काम करने का मौका मिला। यहां करीब डेढ़ साल से अधिक का समय बिता, जहां रहकर बनारस के साथ-साथ पूर्वांचल को भी कवर करने का मौका मिला। राजनीति और क्राइम की खबरों में खासा रूचि होने के कारण अक्सर फोकस भी इसी पर रहता था। इस दौरान कोविड के दंश को भी देखा। कोरोना काल का यह वो भयानक मंजर था, जिसकी किसी को आशंका न थी। इस दौरान खबरों के माध्यम से देश के दुख-दर्द को करीब से महसूस करने का मौका मिला। फिर मई 2022 में वनइंडिया ज्वाइन कर ली, यहां से फीचर राइटिंग की शुरुआत करते हुए मैंने ट्रैवेल पर काम करना शुरू किया। ऑफिस बैंगलोर था, तो वहां जाने के लिए काफी सोचना भी पड़ा लेकिन दिमाग में था कि बड़ा कुछ करना है तो देश की आर्थिक राजधानी के लिए निकल पड़ा। यहां काफी कम समय ही बिता, करीब 9 महीने तक काम करने के बाद यहां से अलविदा लिया। फिर समय आया देश के प्रतिष्ठित संस्थान टाइम्स नेटवर्क से जुड़ने का। मार्च 2023 में मैं Timesnowhindi.com के वायरल टीम से जुड़ा। इस बीच तमाम ट्रेंडिंग, वायरल और अजब-गजब जैसी कई खबरें की। बीट अलग होने के कारण थोड़ा चैलेंजिंग था लेकिन उस चैलेंज को पूरा करते हुए और चुनौतियों का सामना करते हुए आज एक साल से ऊपर का समय हो गया है।</p>

और पढ़ें
End of Article