टोंक में बीएलओ और किसान के बीच हुई नोंकझोक।(फोटो सोर्स: टाइम्स नाउ डिजिटल)
राजस्थान के टोंक जिले में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान एक अनोखा मामला सामने आया है। डारडा तुर्की सरकारी स्कूल के टीचर और BLO रतन लाल जाट को फॉर्म भरवाने के लिए ऐसी मशक्कत करनी पड़ी, जिसकी चर्चा पूरे इलाके में है। ककराज खुर्द और खेडूल्ला गांव के करीब 900 वोटर्स में से 800 लोगों से फॉर्म भरवाने के बाद उनका एक वीडियो सामने आया जिसमें वे खुद खेत में गेंती चलाते दिख रहे हैं।
घटना तब हुई जब BLO रतन लाल ककराज खुर्द के भाग संख्या 71 में खेतों में काम कर रहे युवाओं के पास पहुंचे। उन्होंने SIR फॉर्म भरने को कहा, लेकिन एक किसान ने साफ जवाब दिया, “हमें अपने काम से मतलब है, दूसरे काम से हमारी रोजी-रोटी नहीं चलेगी।”
किसानों की अनदेखी के बाद स्थिति ऐसी बनी कि रतन लाल ने खुद गेंती उठा ली और सड़क की खुदाई में हाथ बंटाने लगे। उन्होंने किसानों से कहा, “मैं तुम्हारा काम कर देता हूं, लेकिन तुम हमारा काम कर दो। यह सरकारी काम है, हर हाल में पूरा करना है।”
किसान और BLO के बीच तीखी नोकझोंक
वीडियो में BLO किसान से कहते दिखाई देते हैं, “मैं दस बार तेरे घर गया, लेकिन तुम नहीं मिले। ज्यादा दिमाग मत लगाओ, मेरा काम करो।” किसानों ने भी तंज कसते हुए कहा “हमारी रोजी ऐसे कामों से नहीं चलती। कागज उठाकर आ गए, हटो यहां से। लेकिन तनाव के बीच BLO ने खेत में खुदाई करने लगे।
रतन लाल जाट का कहना है कि SIR का काम चुनौतीपूर्ण जरूर है, लेकिन असंभव नहीं। थोड़ा समय देना पड़ता है, घर-घर जाना पड़ता है। यह इतना कठिन काम नहीं कि आत्महत्या जैसे कदम उठाए जाएं। मानसिक रूप से तय कर लें तो काम पूरा हो जाता है। उन्होंने कहा कि अभी तक 900 में से 800 फॉर्म भरवा लिए हैं।
35 वर्षीय रतन लाल जाट पिछले दस साल से सरकारी सेवा में हैं। 2016 से वे डारडा तुर्की स्कूल में पीटी टीचर के पद पर कार्यरत हैं। 2005 से 2011 के बीच वे एथलेटिक्स में कई मेडल जीत चुके हैं और ऑल इंडिया लेवल तक क्वालीफाई कर चुके हैं। BA, B.Ped और M.Ped करने के बाद उन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं के माध्यम से सरकारी नौकरी हासिल की।