Hottest City in India: देश के मैदानी इलाकों में मई के आखिरी दिनों में सूरज की किरणें आग बरसा रही हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के जारी किए गए आंकड़ों के अनुसार, गुरुवार (28 मई) को पश्चिमी राजस्थान का श्रीगंगानगर और पूर्वी मध्य प्रदेश का ऐतिहासिक शहर खजुराहो संयुक्त रूप से पूरे भारत में सबसे गर्म स्थान दर्ज किए गए। इन दोनों ही शहरों में अधिकतम तापमान 46.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित रहा। तपती धूप और झुलसाने वाली गर्म हवाओं (Heatwave) के कारण दोपहर के समय इन इलाकों की सड़कें पूरी तरह सूनी नजर आईं।
उत्तर-पश्चिम भारत: तापमान में 8 डिग्री तक की बड़ी गिरावट संभव
उत्तर-पश्चिम भारत का इलाका जिसमें दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और पश्चिमी यूपी शामिल हैं, यहां के लोगों के लिए मौसम विभाग ने अच्छी खबर दी है। 30 मई तक इन क्षेत्रों में अधिकतम तापमान में 6 से 8 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की संभावना है। प्री-मानसून बारिश और आंधी के कारण लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत मिलेगी। राहत का यह दौर ज्यादा लंबा नहीं खिंचेगा। 31 मई से 3 जून के बीच तापमान में एक बार फिर 4 से 6 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी।
मध्य और पूर्वी भारत: अगले 24 घंटों में बदलेगा मिजाज
मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं देखा गया है, लेकिन आज यानी 29 मई से 3 जून के बीच पारा धीरे-धीरे 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक लुढ़क सकता है। इससे खजुराहो समेत पूरे मध्य प्रदेश में लू का थपेड़ा कम होगा। पूर्वी भारत के बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल राज्यों में 31 मई तक तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आएगी, जिससे मौसम सुहावना हो सकता है। हालांकि, इसके तुरंत बाद 1 जून से 3 जून के बीच तापमान फिर से 2 से 3 डिग्री सेल्सियस बढ़ जाएगा।
दक्षिण और पश्चिम भारत का हाल
महाराष्ट्र में आज शुक्रवार तक तापमान स्थिर बना रहेगा, लेकिन इसके बाद 30 मई से 3 जून के बीच पारे में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की कमी आएगी। वहीं दक्षिण के राज्यों में 28 मई तक मौसम में कोई खास तब्दीली नहीं हुई, लेकिन 29 मई से 3 जून के दौरान तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की जा सकती है, जिससे उमस भरी गर्मी से काफी राहत मिलेगी। मौसम विभाग के अनुसार, देश के शेष हिस्सों में 3 जून 2026 तक अधिकतम तापमान में कोई बड़ा या महत्वपूर्ण बदलाव होने की उम्मीद नहीं है।
