भारतीय सेना ने पहलगाम में आतंकी हमला करके बहनों का सिंदूर उजाड़ने वाले आतंकवादियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर दी है। भारतीय सेना ने मंगलवार और बुधवार की दरम्यानी रात पाकिस्तान और PoK में 9 आतंकी ठिकानों पर Operation Sindoor के तहत एयरस्ट्राइक किया। माना जा रहा है कि इन एयरस्ट्राइक्स में 200 से अधिक आतंकवादी मारे गए हैं। सेना की इस कार्रवाई की हर तरफ तारीफ हो रही है। विशेषतौर पर वे लोग इस कार्रवाई से संतुष्ट नजर आ रहे हैं, जिन्होंने पहलगाम आतंकी हमले में अपनों को गंवाया था।
करनाल निवाली भारतीय नौसेना के लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की भी पहलगाम आतंकी हमले में जान चली गई थी। वनय की मां आशा नरवाल ने Operation Sindoor के बाद मीडिया से बात करते हुए संतुष्टि जाहिर की। उन्होंने कहा, 'मोदी साहब ने जो बदला लिया है... मैं उनके साथ हूं। जनका उनके साथ है और हमारा पूरा परिवार उनके साथ है। मैं सेना के जवानों को यही मैसेज देना चाहती हूं कि आगे बढ़ते रहो और ऐसे ही बदला लेते रहो। ताकि ऐसी कोई घटना दोबारा न घटे। आतंकियों को ऐसे ही मुंहतोड़ जवाब देना चाहिए।'
आशा नरवाल ने कहा, सेना की इस कार्रवाई में मैं बहुत खुश हूं। उन्होंने कहा कि इस कार्रवाई से पहलगाम में जान गंवाने वाले लोगों को श्रद्धांजलि मिली है। उन्हें न्याय मिला है।
इस बीच ऑपरेशन सिंदूर को लेकर जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग से उस घोड़े वाले के पिता का भी बयान आया है, जो पर्यटकों को बचाते हुए मारा गया था। पहलगाम आतंकी हमले में पर्यटकों को बचाते हुए मारे गए स्थानीय निवासी सैयद आदिल हुसैन शाह के पिता हैदर शाह ने कहा, 'पहलगाम आतंकी हमले में मेरे बेटे सहित 26 पर्यटकों के की हत्या का बदला ले लिया गया है और मैं इससे खुश हूं। मैं सरकरा को इसके लिए धन्यवाद देता हूं। सुरक्षाबलों और सरकार ने बदला ले लिया। भविष्य में इस तरह से किसी की जान न जाए। हमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भरोसा है... आज हमें न्याय मिल गया।'
