Anuppur Building Collapse: मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले में शनिवार शाम एक बड़ा हादसा हो गया। कोतमा बस स्टैंड के पास चार मंजिला इमारत अचानक भरभराकर गिर गई। जिसमें कम से कम दो लोगों की मौत हो गई। वहीं तीन लोग घायल बताए जा रहे हैं। घटनास्थल पर अभी भी 7 से 10 लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है। रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार जारी है। एसडीआरएफ और प्रशासन की टीम मलबा हटाने में जुटी है। घायलों को बेहतर इलाज के लिए शहडोल मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है।
पुलिस के अनुसार, मृतकों की पहचान हनुमान दीन यादव (55) और राम कृपाल यादव (40) के तौर पर हुई है। हादसे के समय दोनों लोग इमारत की चौथी मंजिल पर काम कर रहे थे। बिल्डिंग गिरने से उन्हें गंभीर चोटें आईं और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोनों के शरीर पर गंभीर चोटों के निशान थे और उनकी हालत बेहद भयावह थी।
100 लोगों की टीम रेस्क्यू कार्य में जुटी
घटना की सूचना मिलते ही राज्य मंत्री दिलीप जायसवाल, कलेक्टर हर्षल पंचोली और एसपी मोती-उर-रहमान मौके पर पहुंचे। घटनास्थल पर तेजी से राहत और बचाव कार्य जारी है। SDRF, NDRF, स्थानीय कोल माइंस की टीमों और भिलाई से आई रेस्क्यू टीमों समेत लगभग 100 लोगों की टीम मलबा हटाने में जुटी है। बताया जा रहा है कि एक अतिरिक्त टीम बनारस से भी पहुंच रही है। घटनास्थल पर करीब 10 से 12 एंबुलेंस भी मौजूद हैं। जेसीबी और क्रेन की मदद से मलबा हटाया जा है।
सीसीटीवी में कैद हुआ भयावह हादसा
यह हादसा शनिवार शाम को करीब 5:30 बजे हुआ। जिसका सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। जिसमें इमारत भरभराकर गिरती हुई नजर आ रही है। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। यह इमारत बस स्टैंड के पास स्थित होने के कारण वहां काफी भीड़ थी। हादसे के बाद लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागते नजर आए। इस घटना से आसपास की कई दुकानें भी इस हादसे की चपेट में आ गईं।
10 साल पुरानी थी इमारत
पुलिस ने बताया बस स्टैंड के पास स्थित यह बिल्डिंग अग्रवाल लॉज थी, जो करीब 10 साल पुरानी थी। पास में चल रहे निर्माण कार्य के कारण यह घटना होने की आशंका जताई जा रही है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बिल्डिंग एक तरफ गड्ढे की ओर झुककर गिरी, जिससे भारी धूल और धुआं आसपास फैल गया। हादसे के बाद मलबे के अंदर से लोगों के फंसे होने और मदद के लिए चीखने की आवाजें भी सुनाई दे रही थीं।
सीएम ने जताया हादसे पर शोक
प्रशासनिक अधिकारियों के मुताबिक, बिल्डिंग के ठीक बगल में निर्माण कार्य के लिए करीब 12 फीट गहरा गड्ढा खोदा गया था, जिसमें पानी भर गया था। इससे इमारत की नींव कमजोर हो गई और यह हादसा हुआ। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस घटना पर दुख जताया है और अधिकारियों को राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं।
