शहर

UGC समाज में फूट डालने वाला नियम, तत्काल वापस ले सरकार; बृजभूषण शरण सिंह ने दिया बड़ा अल्टीमेटम

बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि समाज को चलाना है तो गांव लिए आइये। समाज ऑफिस से नहीं चलता है। गांव में हम एक साथ रहते हैं। हमारे घर में ओबीसी वर्ग और दलित वर्ग के लोग आते हैं। लेकिन, हम एक दूसरे से भेदभाव नहीं करते है। ये नया नियम समाज में फूटन डालने का काम करेगा।

Brijbhushan Sharan Singh opposed UGC Bill

बृजभूषण शरण सिंह ने यूजीसी बिल का किया विरोध

गोंडा : विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के नए नियमों के खिलाफ उत्तर प्रदेश में बुधवार को विरोध तेज हो गया। जहां देवरिया और कौशांबी में बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन हुआ, वहीं रायबरेली में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के एक पदाधिकारी ने अपने पद से त्यागपत्र दे दिया। वहीं, गोंडा के पूर्व भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने भी यूजीसी का किया विरोध करना शुरू कर दिया है। बृजभूषण ने कहा यूजीसी का कानून समाज को बांटने का काम कर रहा। जो कानून महिलाओं के हित में बनाए गए क्या उससे महिलाएं परेशान नहीं हो रही हैं? क्या SC/ST कानून का दुरुपयोग नहीं हो रहा है। अगर कोई गलती करे तो उसकी सजा दी जाए, लेकिन समाज में भेदभाव ना किया जाए। इन नियमों तत्काल वापस लिया जाए, वरना आंदोलन किया जाएगा और इस आंदोलन में समाज के बच्चे भी शामिल होंगे।

नए नियम के क्या होंगे साइड इफेक्ट

बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि समाज को चलाना है तो गांव लिए आइये। समाज ऑफिस से नहीं चलता है। गांव में हम एक साथ रहते हैं। हमारे घर में ओबीसी वर्ग और दलित वर्ग के लोग आते हैं। लेकिन, हम एक दूसरे से भेदभाव नहीं करते है। ये नया नियम समाज में फूटन डालने का काम करेगा। लिहाजा, इसे समय रहते वापस लिया जाए।

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि बृजभूषण शरण सिंह के भाजपा सांसद बेटे करण भूषण सिंह उस संसदीय कमेटी का हिस्सा थे, जिसने यूजीसी के नए नियम बनाए हैं। लिहाजा, बृजभूषण के दोनों बेटों के अलग-अलग मत रख रह रहें, जहां विधायक बेटे प्रतीक भूषण ने यूजीसी के नए नियमों का विरोध किया तो उनके सांसद बेटे करण भूषण सिंह इस बिल के समर्थन में हैं। लोगों का कहना है कि सवर्ण जाति के बच्चों के विरुद्ध लाए गए यूजीसी जैसे काले कानून के कारण मैं अपने पद से त्यागपत्र देता हूं। यह कानून समाज के प्रति अत्यंत घातक और विभाजनकारी है। कुछ वकीलों का कहना है कि सरकार यूजीसी 2026 का नया नियम लागू कर समाज में अराजकता की स्थिति बनाना चाहती है और इससे समाज में अलगाववाद बढ़ेगा।

देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (Hindi News) पढ़ें हिंदी में और देखें छोटी बड़ी सभी न्यूज़ Times Now Navbharat Live TV पर। शहर (Cities News) अपडेट और चुनाव (Elections) की ताजा समाचार के लिए जुड़े रहे Times Now Navbharat से।

Pushpendra Kumar
Pushpendra Kumar author

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से ... और देखें

End of Article