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CJP मार्च से पहले छावनी बनी दिल्ली: 5 हजार जवान तैनात, मेट्रो स्टेशन हो सकते हैं बंद

कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के जंतर-मंतर से संसद मार्च की घोषणा के बाद दिल्ली पुलिस हाई अलर्ट पर है। नई दिल्ली में 5,000 से ज्यादा पुलिस और CAPF जवान तैनात किए गए हैं। 15 सुरक्षा जोन बनाए गए हैं, कई संवेदनशील इलाकों में बैरिकेडिंग और सघन जांच की जा रही है।

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CJP के संसद मार्च से पहले दिल्ली बनी कड़ी सुरक्षा (सांकेतिक फोटो)

'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) द्वारा आज सोमवार (20 जुलाई 2026) को जंतर-मंतर से संसद की ओर प्रस्तावित मार्च को लेकर दिल्ली पुलिस हाई अलर्ट पर है। सोमवार सुबह 4 बजे से ही दिल्ली पुलिस का पूरा अमला जमीन पर मुस्तैद है। पुलिस ने जंतर-मंतर की ओर आने वाले सभी प्रमुख रास्तों पर बैरिकेडिंग की है और नई दिल्ली क्षेत्र में बड़े वाहनों की एंट्री पर रोक लगा दी गई है। पुलिस का कहना है कि अगर प्रदर्शनकारियों की संख्या बढ़ती है तो सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त किया जा सकता है।

सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने के लिए लगभग 5 हजार से अधिक दिल्ली पुलिस और पैरामिलिट्री फोर्स के जवानों को तैनात किया गया है। इंटेलिजेंस एजेंसियां और दिल्ली पुलिस की स्पेशल ब्रांच पल-पल की स्थिति पर नजर रख रही हैं और हर घंटे की रिपोर्ट सीनियर अधिकारियों के साथ साझा कर रही हैं कि जंतर-मंतर पर कितनी भीड़ जुट रही है और कितने लोग रुक रहे हैं।

15 जोन में बंटी नई दिल्ली

सुरक्षा को चाक-चौबंद करने के लिए नई दिल्ली जिले को कुल 15 जोन में बांट दिया गया है। सुरक्षा की कमान सीधे सीनियर ऑफिसर्स के हाथों में है, जहां स्पेशल सीपी (Special CP), जॉइंट सीपी (Joint CP) और डीसीपी (DCP) रैंक के अधिकारी खुद मौके पर मौजूद हैं। ऑन-ड्यूटी जवानों को सख्त आदेश मिले हैं कि प्रदर्शन की आड़ में हुड़दंग करने वाले असामाजिक तत्वों, लूटपाट, तोड़फोड़ या आगजनी की कोशिश करने वालों से बेहद सख्ती के साथ निपटा जाए। लॉ एंड ऑर्डर को बनाए रखने के लिए पुलिस के वज्र वाहन, वाटर कैनन (पानी की बौछार करने वाली गाड़ियां) और दंगा नियंत्रण वाहनों को अलग-अलग लोकेशंस पर तैनात किया गया है।

दिल्ली पुलिस ने धारा 163 लागू की

दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जंतर-मंतर से प्रस्तावित किसी भी विरोध मार्च या जुलूस के लिए न ही आयोजकों की ओर से कोई अनुमति मांगी गई है और न ही पुलिस ने ऐसी कोई मंजूरी दी है। पुलिस ने यह भी बताया कि नई दिल्ली जिले में BNSS की धारा 163 (पूर्व में CrPC की धारा 144) लागू है, जिसके तहत बिना अनुमति भीड़ जुटाने और जुलूस निकालने पर पाबंदी लगाई गई है।

विजय चौक से लेकर PM आवास तक 'नो-गो जोन'

नई दिल्ली के कई ऐसे संवेदनशील और वीवीआईपी इलाके हैं, जहां किसी भी तरह के प्रदर्शन, भीड़ या बाहरी व्यक्ति के आने-जाने पर पूरी तरह पाबंदी (नो-गो जोन) रहेगी। इनमें मुख्य रूप से शामिल हैं:

  • विजय चौक, संसद मार्ग (ट्रांसपोर्ट भवन) और इंडिया गेट का आसपास का इलाका।
  • प्रधानमंत्री (PM) आवास और गृह मंत्री (HM) आवास के बाहर सुरक्षा का कड़ा घेरा।
  • राष्ट्रपति भवन, सेवा तीर्थ और प्रमुख सेल्फी पॉइंट्स।

मल्टी लेयर बैरिकेडिंग और रास्तों पर कड़ा पहरा

दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर की ओर आने वाली सड़कों पर मल्टी लेयर बैरिकेडिंग की है। नई दिल्ली इलाके में बड़े वाहनों की एंट्री पर पूरी तरह पाबंदी लगा दी गई है। नई दिल्ली जिले की ओर आने वाले सभी रास्तों पर कड़ा पहरा है। साथ ही हर आने-जाने वाले की सघन जांच की जा रही है। इसके अलावा, दीनदयाल उपाध्याय मार्ग स्थित बीजेपी (BJP) मुख्यालय की सुरक्षा को भी कई बढ़ा दिया गया है।

मेट्रो स्टेशन हो सकते हैं बंद

नई दिल्ली क्षेत्र में आने वाले तमाम मेट्रो स्टेशनों से आने-जाने वाले लोगों पर पुलिस नजर रख रही है। सुबह दिल्ली मेट्रो (DMRC) जंतर-मंतर और संसद के करीबी मेट्रो स्टेशनों को लेकर एडवाइजरी जारी कर सकती है और जरूरत पड़ने पर कुछ स्टेशनों के गेट बंद भी किए जा सकते हैं। किसी भी आपातकालीन या अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए नजदीकी अस्पतालों को भी अलर्ट पर रहने को कहा गया है।

CAPF की तैनाती

दिल्ली पुलिस बल के अलावा केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) की 25 से ज्यादा बटालियन को तैनात किया गया है, जिसमें महिला सुरक्षाकर्मी भी शामिल हैं। पुलिस सूत्रों का कहना है कि अगर लोगों के आने का सिलसिला इसी तरह जारी रहा तो सुबह तक संख्या काफी अधिक हो सकती है, जिसे देखते हुए ऑन-स्पॉट एक्शन प्लान में बदलाव भी किए जा सकते हैं।

Pooja Kumari
पूजा कुमारीauthor

पूजा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज़्म में पीजी डिप्लोमा कर चुकी पूजा को टीवी मीडिया में भी काम करने का अनुभव है। शहरी मुद्दों की गहरी समझ के कारण पूजा लोकल न्यूज, मेट्रो व रेल अपडेट्स, रोड और इंफ्रास्ट्रक्चर, लोकल डेवलपमेंट, मौसम, क्राइम, स्थानीय राजनीति और सामाजिक मुद्दों पर मजबूत पकड़ रखती हैं। शहरों की नब्ज पहचानने और स्थानीय संवेदनशीलताओं को खबरों में प्रभावी ढंग से पिरोने की क्षमता उनकी राइटिंग स्किल को विशेष बनाती है। पूजा अब तक 3,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट्स लिख चुकी हैं, जिनमें कई महत्वपूर्ण लोकल अपडेट्स, विश्लेषणात्मक स्टोरीज और रिपोर्ताज शामिल हैं।

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